असलहा लेकर चलता कौन है… बाहुबली नेता बृजभूषण सिंह ने हाईकोर्ट के शस्त्र लाइसेंस का ब्योरा मांगने वाले सवाल पर कह दी बड़ी बात

Brij Bhushan Sharan Singh: बलरामपुर पहुंचे पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने शस्त्र लाइसेंस मामले पर बड़ा बयान दिया. हाईकोर्ट द्वारा बाहुबलियों के लाइसेंसों का ब्योरा मांगे जाने पर उन्होंने कहा कि अब लोग असलहे रखने और लेकर चलने की संस्कृति से ऊब चुके हैं.

Brij Bhushan Sharan Singh (File Photo)

सुजीत कुमार

• 07:18 PM • 23 May 2026

follow google news

Brij Bhushan Sharan Singh: अपने बेबाक बयानों के लिए हमेशा चर्चा में रहने वाले पूर्व भाजपा सांसद और बाहुबली नेता बृजभूषण शरण सिंह शनिवार को बलरामपुर पहुंचे थे. एक निजी कार्यक्रम में शिरकत करने आए पूर्व सांसद ने यहां मीडिया से भी बात की. इस दौरान बृजभूषण शरण से हाईकोर्ट द्वारा उत्तर प्रदेश के सभी जिलों से शस्त्र लाइसेंस धारकों का पूरा ब्योरा मांगे जाने को लेकर सवाल किया. इसपर उन्होंने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि आज के दौर में लोग असलहे रखने से ऊब चुके हैं और अब कोई इन्हें खुलेआम लेकर नहीं घूमता. खबर में आगे जानिए बृजभूषण शरण सिंह ने क्या कुछ कहा है. 

यह भी पढ़ें...

नंदनी स्वीट्स के उद्घाटन में पहुंचे थे पूर्व सांसद

पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह बलरामपुर जिले के गैंडासबुजुर्ग थाना क्षेत्र में स्थित 'नंदनी स्वीट्स एवं रेस्टोरेंट' के भव्य उद्घाटन कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे. इस दौरान वरिष्ठ नेता को अपने बीच पाकर स्थानीय समर्थकों और व्यापार मंडल के लोगों ने उनका जोरदार स्वागत किया. इस दौरान जब उनसे हाईकोर्ट द्वारा प्रदेश भर के शस्त्र लाइसेंसों की जांच और ब्योरा तलब किए जाने पर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा कि 'यह एक सामान्य प्रशासनिक और कानूनी प्रक्रिया है. सरकार या कोर्ट अगर ब्योरा मांग रही है तो इसमें किसी भी नागरिक को कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए. वैसे भी आज के जमाने में असलहा लेकर चलता कौन है? लोग अब असलहे की इस संस्कृति से पूरी तरह ऊब रहे हैं. एक जमाना था जब जनता इसे रसूख और पसंद के तौर पर देखती थी. लेकिन अब वक्त बदल चुका है. अब खुलेआम असलहा लेकर कोई भी नहीं चलता है.'

पुराने दिनों को भी किया याद

इस दौरान बृजभूषण शरण सिंह काफी भावुक भी नजर आए और उन्होंने बलरामपुर व उतरौला क्षेत्र से अपने बेहद पुराने व अटूट संबंधों का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि यह पूरा इलाका उनके दिल के हमेशा बहुत करीब रहा है और यहां की जनता की मोहब्बत ही उन्हें बार-बार खींचकर यहां ले आती है. अपने जीवन के सबसे बड़े राजनीतिक संकट को याद करते हुए पूर्व सांसद ने कहा कि 'एक समय था जब मैं भारी राजनीतिक संकट के दौर से गुजर रहा था. तब मैंने इसी क्षेत्र की देवतुल्य जनता के भरोसे चुनाव लड़ा था. मुझे आज भी याद है कि मैंने मात्र 20 से 22 दिनों की कड़ी मेहनत में यहां ऐतिहासिक जीत हासिल की थी. उस मुश्किल दौर में उतरौला, गैसड़ी, बलरामपुर और पचपेड़वा क्षेत्र के कोने-कोने से मुझे जो मजबूत और चट्टानी समर्थन मिला था, उसे मैं अपनी आखिरी सांस तक नहीं भूल सकता.'

शस्त्र लाइसेंसों का हाईकोर्ट ने मांगा ब्योरा

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राज्य में बाहुबलियों और आपराधिक पृष्ठभूमि वाले लोगों को जारी किए गए शस्त्र लाइसेंसों पर सख्त रुख अपनाते हुए पूरा ब्यौरा तलब किया है. कोर्ट ने सरकार और सभी जिलों के पुलिस अधिकारियों से विस्तृत जवाब मांगा है. बता दें बृजभूषण शरण सिंह, राजा भइया, धनंजय सिंह, सुशील सिंह, विनीत सिंह समेत 19 बाहुबलियों को जारी लाइसेंसों का पूरा रिकॉर्ड मांगा गया है. 

कोर्ट ने शस्त्र लाइसेंस के दुरुपयोग, आपराधिक पृष्ठभूमि वाले लोगों को लाइसेंस देने और हथियारों के सार्वजनिक प्रदर्शन जैसे मामलों पर गंभीर चिंता जताई है. राज्य सरकार से सभी नियमों और प्रक्रिया पर स्पष्टीकरण मांगा गया है. इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस विनोद दिवाकर ने यह आदेश दिया है. कोर्ट ने आपराधिक पृष्ठभूमि वाले सभी लाइसेंसधारियों के सही पते, आपराधिक मामले, लाइसेंस की स्थिति और सुरक्षा से जुड़ी पूरी जानकारी मांगी है. यह आदेश संतकबीर नगर निवासी जयशंकर की याचिका पर दिया गया है.