उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव की बिसात अभी से बिछनी शुरू हो गई है. लखनऊ में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती की विशाल महारैली से उपजे उत्साह के बाद अब जमीनी स्तर पर प्रत्याशियों के चयन की प्रक्रिया तेज हो गई है. इसी क्रम में जालौन जिले की माधौगढ़ विधानसभा सीट (219) से बसपा ने अपने उम्मीदवार के नाम की आधिकारिक घोषणा कर दी है.
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आशीष पांडे के नाम का हुआ ऐलान
मंगलवार को जालौन में आयोजित एक संगठनात्मक बैठक के दौरान पार्टी के मुख्य मंडल प्रभारी लालाराम अहिरवार ने आगामी चुनाव के लिए आशीष पांडे के नाम का ऐलान किया. पार्टी आलाकमान के निर्देश पर आशीष पांडे को माधौगढ़ क्षेत्र में बसपा का आधार मजबूत करने और आगामी चुनाव में जीत दर्ज करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है.
बसपा ने एक बार फिर पुराने सोशल इंजीनियरिंग फॉर्मूले की ओर बढ़ाया कदम
माधौगढ़ सीट पर ब्राह्मण चेहरे को उतारकर बसपा ने एक बार फिर अपने पुराने सोशल इंजीनियरिंग के फॉर्मूले की ओर कदम बढ़ाया है. महारैली के बाद कार्यकर्ताओं में आए जोश को इस टिकट घोषणा ने चुनावी सक्रियता में बदल दिया है. माधौगढ़ क्षेत्र में ब्राह्मण मतदाताओं की संख्या निर्णायक भूमिका निभाती है. आशीष पांडे को प्रत्याशी बनाकर बसपा ने विपक्षी दलों के लिए नई चुनौती पेश की है. 2027 के चुनाव में अभी समय बचा है. लेकिन समय से पहले प्रत्याशी घोषित कर बसपा ने बीजेपी, सपा और कांग्रेस पर मनोवैज्ञानिक बढ़त बनाने की कोशिश की है.
इस घोषणा के बाद माधौगढ़ के राजनीतिक गलियारों में कयासों का दौर शुरू हो गया है. माना जा रहा है कि बसपा का यह कदम क्षेत्र के पारंपरिक वोट बैंक में सेंध लगा सकता है. अब देखना दिलचस्प होगा कि भारतीय जनता पार्टी और समाजवादी पार्टी इस ब्राह्मण कार्ड का जवाब किस रणनीति से देती हैं.
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