बलिया पुलिस पर लगा आरोप, थाने में पिटाई के बाद दलित युवक की मौत, इन लोगों पर हुई कड़ी कार्रवाई

यूपी तक

• 11:42 AM • 13 Jul 2026

Ballia News: बलिया के रेवती थाना क्षेत्र में दलित युवक कामजी गोंड की मौत के बाद बवाल मच गया है. परिजनों ने थाने में पुलिस द्वारा पिटाई का आरोप लगाया है. मामले में एक दरोगा और एक सिपाही को निलंबित कर छह लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है.

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Ballia News: उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के रेवती थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. यहाँ गाय घाट गांव में एक दलित व्यक्ति कामजी गोंड की मौत के बाद पूरे इलाके में भारी गुस्सा और तनाव का माहौल है. परिजनों का सीधा आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने थाने में उनके साथ बेरहमी से मारपीट की, जिसके कारण इलाज के दौरान उनकी जान चली गई. इस मामले में राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी तेज हो गई हैं. मामले की गंभीरता को देखते हुए लापरवाही बरतने के आरोप में रेवती थाने के एक दरोगा और एक सिपाही को सस्पेंड कर दिया गया है और कुल छह लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है.

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थाने में पिटाई का गंभीर आरोप

परिजनों के अनुसार, 7 जुलाई को बच्चों के बीच एक मुर्गे की दुकान पर विवाद हुआ था. इसके अगले दिन सुबह करीब 11 बजे रेवती थाने की पुलिस पूछताछ के लिए कामजी गोंड को अपने साथ ले गई. परिवार का आरोप है कि थाने में उनके साथ मारपीट की गई, जिससे उनकी हालत बहुत बिगड़ गई. बाद में पुलिस ने उन्हें गांव के प्रधान लालू सिंह और अन्य लोगों की सुपुर्दगी में दे दिया. प्रधान उन्हें उथानी माता मंदिर के पास घायल हालत में छोड़कर चले गए. गांव के बच्चों से सूचना मिलने पर जब परिवार मौके पर पहुँचा, तो उन्हें बलिया अस्पताल ले जाया गया. वहाँ से डॉक्टरों ने उन्हें वाराणसी के बीएचयू ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया, जहाँ इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई.

सड़क पर शव रखकर किया प्रदर्शन

जैसे ही कामजी गोंड की मौत की खबर उनके गांव पहुँची, पूरे इलाके में शोक और आक्रोश फैल गया. मृतक का शव गांव आते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और परिजन इकट्ठा हो गए. लोगों का गुस्सा इतना बढ़ गया कि उन्होंने गाय घाट में बलिया-रेवती मार्ग पर शव को रखकर सड़क जाम कर दी. प्रदर्शन कर रहे लोगों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की. यह प्रदर्शन काफी देर रात तक सड़क पर चलता रहा, जिससे पूरे क्षेत्र में भारी तनाव का माहौल बना रहा.

छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज

पीड़ित परिवार की तहरीर के आधार पर पुलिस ने रेवती थाने के एक उपनिरीक्षक (दरोगा), सिपाही (अंकित सिपाही/सचिन सरोज), ग्राम प्रधान लालू सिंह समेत कुल छह लोगों के खिलाफ हत्या सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है. आजमगढ़ के डीआईजी ने बताया कि शुरुआती जांच में प्रथम दृष्टया लापरवाही सामने आने पर संबंधित दरोगा और सिपाही को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है. इसके साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए मजिस्ट्रेट जांच कराने की सिफारिश भी की गई है. अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, मेडिकल रिकॉर्ड और गवाहों के बयानों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.