समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव के भाई और बीजेपी नेता अपर्णा यादव के पति प्रतीक यादव के निधन की गुत्थी उलझती जा रही है. शुरुआती जानकारी में कहा गया कि अस्पताल में उनकी मौत हुई. लेकिन सिविल अस्पताल के डॉक्टरों ने अब बड़ा खुलासा किया है. डॉक्टरों के मुताबिक, जब सुबह 5:55 बजे स्टाफ प्रतीक को लेकर इमरजेंसी पहुंचा तो उनका शरीर पूरी तरह ठंडा पड़ चुका था और पल्स रुक चुकी थी.
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इमरजेंसी वार्ड में क्या हुआ?
यूपी Tak की टीम ने जब ग्राउंड जीरो (सिविल अस्पताल) पर पड़ताल की, तो पता चला कि सुबह 5:55 बजे जब प्रतीक का स्टाफ उन्हें लेकर पहुंचा, तो डॉक्टरों ने इनिशियल चेकअप शुरू किया. जांच में पाया गया कि न तो आंखों में कोई मूवमेंट था और न ही पल्स चल रही थी. चिकित्सकीय भाषा में उन्हें 'ब्रॉड डेड' घोषित कर दिया गया. महज डेढ़ घंटे के भीतर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर उन्हें केजीएमयू शिफ्ट कर दिया गया.
निधन के वक्त कहां थीं अपर्णा यादव?
जब प्रतीक को अस्पताल लाया गया तो उनकी पत्नी अपर्णा यादव वहां मौजूद नहीं थीं.जानकारी के अनुसार, वे पिछले 3-4 दिनों से लखनऊ से बाहर थीं. पहले वे सोमनाथ में थीं और फिर असम में शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने गई थीं. पति के निधन की खबर मिलते ही वे लखनऊ पहुंच चुकी हैं.
इमोशनल दिखे अखिलेश यादव
छोटे भाई के निधन की खबर मिलते ही अखिलेश यादव तुरंत पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे. वे सीधे डॉक्टरों के कमरे में गए और बातचीत की. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, अखिलेश बेहद भावुक और खामोश थे. लेकिन उनकी आंखें भाई को खोने का दर्द साफ बयां कर रही थीं. उन्होंने प्रतीक को 'बहुत अच्छा लड़का' बताते हुए अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की.
फिटनेस, डिप्रेशन और वो कड़वे विवाद
38 साल की उम्र में इस मौत ने सबको हैरान किया है क्योंकि प्रतीक युवाओं को फिटनेस की ट्रेनिंग देते थे. हालांकि, अंदरूनी सूत्रों के मुताबिक प्रतीक पिछले कुछ समय से डिप्रेशन का शिकार थे. मेदांता अस्पताल में उनकी नसों का इलाज चल रहा था और कुछ दिन पहले भी वे वहां भर्ती थे.
हाल के दिनों में प्रतीक और अपर्णा के बीच तलाक और आपसी विवाद की खबरें सुर्खियों में थीं. प्रतीक ने कुछ गंभीर आरोप भी लगाए थे. लेकिन बाद में उन्होंने अपनी मानसिक स्थिति का हवाला देते हुए उन खबरों को गलत बताया था. दोनों ने हाल ही में एक ट्रिप की तस्वीरें साझा कर सब ठीक होने का संदेश दिया था. लेकिन बुधवार की सुबह ने सब कुछ हमेशा के लिए खामोश कर दिया.
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