लेटेस्ट न्यूज़

शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद पर FIR दर्ज करने के बाद अब झूंसी पुलिस की टीम बनारस पहुंची, क्या होने वाला है अब?

Shankaracharya Avimukteshwaranand: ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और शिष्य मुकुंदानंद पर पोक्सो एक्ट के तहत गंभीर मुकदमा दर्ज हुआ है. उन पर माघ मेले में बटुकों के यौन शोषण का आरोप है. मामले की गंभीरता को देखते हुए पांच सदस्यीय SIT गठित की गई है और झूंसी पुलिस बयान दर्ज करने वाराणसी पहुंच चुकी है.

ADVERTISEMENT

picture Avimukteshwarananda and Mukundananda Brahmachari
picture Avimukteshwarananda and Mukundananda Brahmachari
social share
google news

Shankaracharya Avimukteshwaranand: प्रयागराज में ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और उनके शिष्य मुकुंदानंद ब्रह्मचारी की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं. शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और उनके शिष्य मुकुंदानंद ब्रह्मचारी के खिलाफ यौन शोषण के गंभीर आरोपों में एफआईआर दर्ज कर ली गई है. कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने इस मामले में पोक्सो एक्ट समेत कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.  इस हाई-प्रोफाइल केस को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने पांच सदस्यीय विशेष जांच टीम गठित की है. फिलहाल झूंसी पुलिस की एक टीम पीड़ितों और संबंधित पक्षों के बयान दर्ज करने के लिए वाराणसी पहुंच चुकी है. 

पोक्सो एक्ट में केस दर्ज

शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और उनके शिष्य मुकुंदानंद ब्रह्मचारी के खिलाफ दर्ज हुई एफआईआर के अनुसार, स्वामी और उनके शिष्यों पर माघ मेला शिविर और बाहर खड़ी गाड़ी में शिष्यों के साथ यौन शोषण करने का आरोप लगाया गया है. पुलिस सबसे पहले पीड़ित शिष्यों का मेडिकल परीक्षण कराएगी. इसके बाद मजिस्ट्रेट के सामने उनके बयान दर्ज किए जाएंगे. पुलिस का कहना है कि पर्याप्त सबूत और बयानों के आधार पर ही गिरफ्तारी की कार्रवाई की जाएगी.

आशुतोष ब्रह्मचारी ने लगाए ये आरोप

मुकदमा दर्ज होने के बाद स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने इस मामले के मुख्य सूचनाकर्ता (वादी) आशुतोष ब्रह्मचारी पर पलटवार करते हुए उन्हें अपराधी बताया और उनकी क्रिमिनल हिस्ट्री होने का दावा किया. वहीं आशुतोष ब्रह्मचारी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा 'मेरे खिलाफ मुकदमों की फर्जी लिस्ट वायरल की गई है जिस पर मैंने अलग से एफआईआर दर्ज कराई है. मैं खुद पीड़ित नहीं हूं बल्कि बच्चों को न्याय दिलाने के लिए केवल एक सूचनाकर्ता हूं.' 

यह भी पढ़ें...

आशुतोष ब्रह्मचारी ने दावा किया कि 'यौन शोषण के शिकार दो बटुक शिष्यों ने हमसे दीक्षा ले ली है और 5-6 अन्य पीड़ित भी लगातार उनके संपर्क में हैं. उन्होंने बताया कि लगभग 20 बटुक अभी भी स्वामी के विभिन्न आश्रमों में हैं. जांच के दौरान जब पुलिस वहां जाएगी तो उन सभी बटुकों और वहां के अध्यापकों और कर्मचारियों के बयान दर्ज कराए जाएंगे जो सच्चाई सामने लाएंगे.' आशुतोष के मुताबिक, आश्रम के अंदर से बच्चों ने किसी तरह इसकी रिकॉर्डिंग (CD) की है जिसमें स्वामी जी रोते हुए कह रहे हैं कि हम बर्बाद हो गए हैं, हमारी पोल खुल गई है.'  उन्होंने यह भी बताया कि स्वामी अपने खास शिष्य मुकुंदानंद को भी धमका रहे थे कि उसी की गलती से आशुतोष को सबूत मिले हैं.

उन्होंने आगे कहा कि 'ये लोग मेरी हत्या कराने का पूरा प्रयास कर रहे हैं. मुझ पर पहले भी हमले हो चुके हैं  जिसका मुकदमा थाना कंदवा में दर्ज है. मैं अपनी जान बचाकर छुपते-छुपाते न्यायालय और मीडिया के सामने इस मामले की पैरवी कर रहा हूं. उन्होंने मांग की कि जो बटुक अभी भी उनके चंगुल में हैं उन्हें तुरंत सुरक्षा दी जाए ताकि वे बिना डरे सच बोल सकें.'

ये भी पढ़ें: सिंगापुर पहुंचे CM योगी आदित्यनाथ ने सबसे पहले की ये खास मीटिंग, क्या क्या हुआ सब जानिए