250 नए इलेक्ट्रिक-CNG वाहनों से चमकेगा लखनऊ, जल्द ही सैटेलाइट शहर भी ई-बस सेवा से होंगे कनेक्ट!

यूपी में इलेक्ट्रिक बस सेवा का विस्तार. सीएम योगी ने लखनऊ में 250 इलेक्ट्रिक-CNG वाहन रवाना किए. मेट्रो और ई-बस से सुधरेगा शहरी परिवहन। स्थानीय उत्पादन और रोजगार को बढ़ावा.

यूपी तक

• 06:48 PM • 01 Apr 2026

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राजधानी लखनऊ समेत उत्तर प्रदेश के बड़े महानगरों की सूरत बदलने वाली है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में लखनऊ नगर निगम के कूड़ा प्रबंधन बेड़े में 250 नए इलेक्ट्रिक और सीएनजी वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. यह कदम न केवल शहर की स्वच्छता रैंकिंग सुधारने में मील का पत्थर साबित होगा, बल्कि प्रदूषण के स्तर को भी काफी नीचे लाएगा.

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सिटी बस से 'ई-बस' तक का सफर

सरकार ने प्रदेश के सभी प्रमुख शहरों की पुरानी डीजल सिटी बसों को चरणबद्ध तरीके से इलेक्ट्रिक बसों में बदलने का मास्टर प्लान तैयार किया है. इसका उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ यात्रियों को आधुनिक और आरामदायक सफर मुहैया कराना है. लखनऊ में इलेक्ट्रिक बसों के निर्माण की यूनिट शुरू हो चुकी है, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार और उत्पादन दोनों को गति मिलेगी.

टाटा की यूनिट और निवेश के नए अवसर

लखनऊ स्थित टाटा मोटर्स की यूनिट में भी इलेक्ट्रिक वाहनों के निर्माण कार्य में तेजी आई है. उत्तर प्रदेश अब देश के इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) हब के रूप में उभर रहा है. इससे न केवल परिवहन व्यवस्था सुधरेगी, बल्कि बड़े पैमाने पर औद्योगिक निवेश और युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार भी खुलेंगे.

मेट्रो का जाल और सैटेलाइट सिटी कनेक्टिविटी

उत्तर प्रदेश देश का एकमात्र ऐसा राज्य है जहाँ लखनऊ, कानपुर, आगरा, मेरठ, गाजियाबाद, नोएडा और ग्रेटर नोएडा जैसे शहरों में मेट्रो सेवा का सफल संचालन हो रहा है. अकेले लखनऊ मेट्रो में प्रतिदिन 1 लाख से अधिक यात्री सफर कर रहे हैं. अब सरकार का अगला लक्ष्य लखनऊ के आसपास के सैटेलाइट शहरों को इलेक्ट्रिक बस कॉरिडोर से जोड़ना है, ताकि छोटे शहरों से बड़े शहरों तक का सफर सुगम हो सके.

कूड़ा प्रबंधन और स्वच्छता पर जोर

नगर निगम को सौंपे गए नए वाहनों से घर-घर कूड़ा उठाान की प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा. मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि 'स्मार्ट सिटी' की पहली शर्त स्वच्छता और प्रदूषण मुक्त वातावरण है. इन 250 वाहनों के बेड़े में शामिल इलेक्ट्रिक गाड़ियां बिना शोर और धुआं किए शहर की गलियों को साफ रखने का काम करेंगी.