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दरवाजे की कुंडी नहीं थी बंद! सिद्धार्थनगर में सुहागरात की सुबह नवदंपति की संदिग्ध मौत पर उठे 5 बड़े सवाल

सिद्धार्थनगर के जनियाजोत में शादी की अगली सुबह दूल्हा फंदे से लटका मिला और दुल्हन बिस्तर पर मृत मिली. दरवाजा अंदर से बंद नहीं था. पुलिस जांच जारी.

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UP Crime News
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सिद्धार्थनगर जिले के जनियाजोत गांव से शादी की खुशियों के बीच एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. शादी के अगले ही दिन यानी सुहागरात की सुबह नवविवाहित जोड़े देशराज चौहान और अनीता चौहान की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. कमरे का दरवाजा अंदर से बंद न होने और बिना किसी कुंडी के हल्का धक्का देने पर ही खुल जाने की वजह से परिजनों व पुलिस के सामने कई गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं.

जगाने पहुंची मौसी ने देखा खौफनाक मंजर, खुला था दरवाजा

सोमवार को बांसी स्थित टेकधर बाबा मंदिर में दोनों की शादी हुई थी. शादी के बाद घर में रिश्तेदारों के लिए भोजन का आयोजन किया गया और देर रात सब सोने चले गए. अगली सुबह (22 सितंबर) करीब 6 से 7 बजे के बीच जब दूल्हे की मौसी मीनाक्षी नवदंपति को जगाने कमरे के पास पहुंचीं और आवाज लगाई, तो अंदर से कोई जवाब नहीं मिला. जब उन्होंने दरवाजे को हल्का धक्का दिया तो दरवाजा खुल गया. अंदर का नजारा देखकर परिवार में चीख-पुकार मच गई. दूल्हा देशराज फंदे से लटका हुआ था, जबकि दुल्हन अनीता बिस्तर पर मृत पड़ी थी.

मायके पक्ष ने उठाए दरवाजे और मौत की वजह पर सवाल

घटना की जानकारी मिलते ही अनीता के मायके पक्ष के लोग भी हैरान रह गए. अनीता की बहन ने कमरे के दरवाजे के अंदर से बंद न होने पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर कमरे के अंदर कोई विवाद या संघर्ष होता तो आसपास सो रहे लोगों तक आवाज जरूर पहुंचती.

अनीता की बहन के मुताबिक, दोनों परिवारों की आपसी सहमति से यह शादी हुई थी. देशराज और अनीता एक-दूसरे को पहले से जानते थे. देशराज बाहर रहकर काम करता था और गांव लौटने के बाद अनीता कुछ दिन पहले ही उसके घर आ गई थी. दोनों की शादी पहले किसी बाद की तारीख में होनी थी, लेकिन परिस्थितियों को देखते हुए सोमवार को ही मंदिर में विवाह संपन्न करा दिया गया था.

रात में छत पर सो रहे थे परिजन, विवाद से किया इनकार

दूल्हे की मौसी और अन्य परिजनों के मुताबिक, रात में भोजन के बाद गर्मी होने के कारण परिवार के अधिकांश लोग छत पर सो रहे थे, जबकि नवदंपति कमरे में थे. रात के दौरान किसी तरह के झगड़े, मारपीट या शोर-शराबे की आवाज नहीं आई थी. सुबह अचानक इस तरह दोनों के शव मिलने से शादी का माहौल मातम में बदल गया.

पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

घटना की सूचना मिलते ही बांसी कोतवाली पुलिस और क्षेत्राधिकारी (CO) शुभेंदु सिंह मौके पर पहुंचे. फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य एकत्र किए और दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया.

बांसी के सीओ शुभेंदु सिंह ने बताया कि 22 सितंबर की सुबह जनियाजोत गांव में दंपति की मौत की सूचना मिली थी. परिजनों से पूछताछ में फिलहाल मौत का कोई स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है. पुलिस के मुताबिक, पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असल वजह साफ हो सकेगी और उसी के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी.