लेटेस्ट न्यूज़

दिल्ली का बाबा मसानी जमकर करता था गंदा काम, गाजियाबाद की महिलाओं ने की FIR तो पता चली हकीकत

Ghaziabad News: ‘वो कहते हैं न कि पाप का घड़ा जब भरता है तो आखिरकार फूटता ही है..’, यह बात चरितार्थ होती है दिल्ली के…

ADVERTISEMENT

UP Tak
social share
google news

पुलिस के अनुसार, विनोद कश्यप ने आध्यात्मिक बाबा बनकर द्वारका में अपने 2 मंजिला मकान में ‘दरबार’ लगाना शुरू किया था. कई साल पहले विनोद एक अस्पताल में काम करता था. विनोद ने यहां 4-5 साल तक काम किया और 25 हजार रुपये महीना मिलते था. इसके बाद अचानक उसने नौकरी छोड़ दी. नौकरी छोड़ने की बाद विनोद ने आश्रम खोलकर सेवा करने का फैसला लिया. विनोद दावा करने लगा कि वह लोगों की निजी और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का समाधान कर देगा. उसने लोगों को बताना शुरू कर दिया कि उसे भगवान का आशीर्वाद मिला है. इसके बाद उनके अनुयायी लगातार बढ़ते गए. बाबा ने साल 2015 में शादी की थी और उसके तीन बच्चे भी हैं.