ललिता गौतम हत्याकांड में इकरा हसन ने पीड़ित परिवार को अखिलेश यादव से मिलवाया, सपा चीफ ने कह दी फिर ये बात

यूपी तक

• 02:26 PM • 12 Jul 2026

मेरठ के ललिता गौतम हत्याकांड में नया राजनीतिक मोड़ आया है. सपा सांसद इकरा हसन पीड़ित परिवार को अखिलेश यादव से मिलाने पहुंचीं. मुलाकात के बाद अखिलेश ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए और न्याय की लड़ाई में साथ देने का भरोसा दिया.

Akhilesh Yadav Meets Lalita Gautam family

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Lalita Gautam Murder Case: मेरठ के चर्चित ललिता गौतम हत्याकांड में अब सियासी हलचल और तेज हो गई है. समाजवादी पार्टी की सांसद इकरा हसन पीड़ित परिवार को लेकर सपा प्रमुख अखिलेश यादव से मिलीं. मुलाकात के दौरान अखिलेश यादव ने परिवार से बातचीत कर न्याय दिलाने का भरोसा दिया. इसके बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर उत्तर प्रदेश सरकार और मेरठ पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए. बता दें इससे पहले आजाद समाज पार्टी के प्रमुख चंद्रशेखर आजाद भी पीड़ित परिवार से मुलाकात कर चुके हैं.

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इकरा हसन ने अखिलेश यादव से कराई मुलाकात

सांसद इकरा हसन ने पीड़ित परिवार के साथ अखिलेश यादव से मुलाकात की तस्वीरें भी साझा कीं. उन्होंने कहा कि मेरठ की दलित छात्रा ललिता गौतम हत्याकांड में पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की लड़ाई में समाजवादी पार्टी उनके साथ खड़ी है. इकरा हसन ने अपनी पोस्ट में भाजपा सरकार से परिवार की सभी जायज मांगों को जल्द पूरा करने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की. वहीं, अखिलेश यादव ने भी परिवार को भरोसा दिलाया कि न्याय की इस लड़ाई में वह हर स्तर पर उनका साथ देंगे.

अखिलेश यादव ने पुलिस कार्रवाई पर उठाए सवाल

मुलाकात के बाद अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पर लंबी पोस्ट करते हुए मेरठ में 8 जुलाई को हुए प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने लिखा कि मेरठ की बेटी के साथ हुए अत्याचार और हत्या के मामले में नामजद आरोपियों पर कमजोर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया, जबकि आंदोलन कर रहे लोगों पर गंभीर धाराएं लगा दी गईं. उन्होंने यह भी कहा कि जिस तरह प्रदर्शन के दौरान पुलिस अधिकारियों का व्यवहार सामने आया, उससे उत्तर प्रदेश पुलिस की छवि पर सवाल खड़े हुए हैं. अखिलेश ने वायरल वीडियो का जिक्र करते हुए पुलिस के रवैये की आलोचना की और इसे चिंताजनक बताया.
 

क्या है पूरा मामला?

ललिता गौतम हत्याकांड 15 मई की घटना है. बीए तृतीय वर्ष की छात्रा ललिता गौतम लापता हो गई थीं और 17 मई को उनका शव गन्ने के खेत से बरामद हुआ था. पुलिस ने मुख्य आरोपी अंकुश समेत तीन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है. हालांकि परिवार का आरोप है कि मामले में अन्य लोग भी शामिल हैं और आरोपियों पर और सख्त धाराएं लगाई जानी चाहिए. इन्हीं मांगों को लेकर 8 जुलाई को परिवार और समर्थकों ने मेरठ के डीएम कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया था. इसी दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच विवाद हुआ और मेरठ के एसएसपी अविनाश पांडे का प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसके बाद यह मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया.

परिवार की मांगों पर जारी है आंदोलन

पीड़ित परिवार लगातार मांग कर रहा है कि मामले में शामिल सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए, उचित धाराएं लगाई जाएं और परिवार को सरकारी नौकरी के साथ आर्थिक सहायता भी दी जाए. वहीं पुलिस का कहना है कि प्रदर्शन के दौरान बार-बार लोगों से सड़क खाली करने और ज्ञापन सौंपने की अपील की गई थी, लेकिन जब प्रदर्शनकारी नहीं हटे तो हल्का बल प्रयोग किया गया. इस पूरे घटनाक्रम के बाद अब यह मामला कानून-व्यवस्था के साथ-साथ राजनीतिक बहस का भी विषय बन गया है. चंद्रशेखर आजाद के बाद अब इकरा हसन द्वारा परिवार की अखिलेश यादव से कराई गई मुलाकात ने इस मुद्दे को एक बार फिर राजनीतिक केंद्र में ला दिया है.