ADVERTISEMENT
Mayawati on Brahmins: अपने 70वें जन्मदिन पर बहुजन समाज पार्टी की सुप्रीमो और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने मीडिया से बात की. इस दौरान उन्होंने उत्तर प्रदेश की जनता और दलित समाज को अपना संदेश भी दिया. इस दौरान बसपा मुखिया मायावती ने ब्राह्मणों का भी जिक्र किया.
ये भी पढ़ें: 'स्वतंत्र जीवन...BJP का जिक्र’, अखिलेश यादव ने मायावती के जन्मदिन पर बधाई देते हुए लिखा ये पोस्ट, खूब हो रही चर्चाएं
ब्राह्मणों को लेकर मायावती ने क्या कहा?
मायावती ने समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और भाजपा पर ब्राह्मणों की उपेक्षा करने का आरोप लगाया. मायावती ने कहा कि उन्होंने और बसपा सरकार में ब्राह्मणों को उचित भागीदारी दी गई थी. उनके साथ किसी भी तरह का अत्याचार और अन्याय नहीं हुआ था. मायावती ने ब्राह्मण समाज से कहा कि उन्हें कांग्रेस-सपा और भाजपा के बहकावे में नहीं आना चाहिए. इस दौरान मायावती ने ये भी कहा कि ब्राह्मण समाज को किसी का बाटी चोखा नहीं चाहिए.
मायावती ने आगे कहा, उनके खिलाफ कोई जुल्म नहीं होना चाहिए. यूपी में बसपा की सरकार बनाने पर इनका और क्षत्रिय समाज का पूरा ध्यान रखा जाएगा.
यादव समाज का भी किया जिक्र
इस दौरान मायावती ने यादव समाज का जिक्र भी किया. मायावती ने कहा, हमने हमेशा यादव समाज के हितों का ध्यान रखा है. हम इसे आगे भी रखेंगे. इस दौरान मायावती ने ये भी कहा कि उन्होंने प्रदेश में कोई दंगा नहीं होने दिया.
सपा पर खूब बरसीं…
इस दौरान मायावती ने समाजवादी पार्टी को खूब निशाने पर लिया. उन्होंने कहा, सपा का राज गुंडों, माफियों, का राज होता है. इनके शासन में दलित वर्ग का सबसे ज्यादा नुकसान होता है. अपनी बात कहते हुए बसपा चीफ ने गेस्ट हाउस कांड का भी जिक्र किया और सपा पर हमला बोला.
मायावती ने कहा, 2 जून 1995 के दिन सरकारी गेस्ट हाउस में सपा के कई हजार गुंडों ने मेरे ऊपर जन लेवा हमला किया था. सपा ने महापुरुषों और दलित के बिल को फाड़ दिया था.
आपको बता दें कि मायावती के जन्मदिन पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और सपा मुखिया अखिलेश यादव ने उन्हें बधाइयां दी हैं.
ADVERTISEMENT









