Raebareli News: नियति कब, कहाँ और किस रूप में किसे अपना शिकार बना ले, कोई नहीं जानता. बछरावां-मौरावां मार्ग पर टांडा गांव के पास बीते शुक्रवार की रात एक ऐसा ही रूह कंपा देने वाला खौफनाक मंजर देखने को मिला. एक बेकाबू काल साए की तरह आया और पलक झपकते ही एक सुहागिन को मौत की आगोश में सुला गया. पति की आंखों के सामने ही उसकी जीवनसंगिनी खून से लथपथ होकर सड़क पर गिर पड़ी. चीख-पुकार और अफरा-तफरी के बीच महिला को लखनऊ रेफर किया गया, लेकिन डॉक्टरों की लाख कोशिशों के बाद भी उसकी सांसों की डोर टूट गई. मौत की खबर घर पहुंचते ही परिजनों में कोहराम मच गया और पूरे गांव में मातमी सन्नाटा पसर गया है.
ADVERTISEMENT
जानकारी के मुताबिक, मेहरवान खेड़ा मजरे शेखपुर समोधा की रहने वाली समिता रावत पत्नी महेश रावत शुक्रवार की रात अपने पति के साथ बाइक पर सवार होकर छोटकवा खेड़ा गांव दवा लेने जा रही थी. किसे पता था कि दवा लेने का यह सफर जिंदगी का आखिरी सफर साबित होगा. जैसे ही बाइक टांडा गांव के पास पहुंची, तभी बछरावां से मौरावां की तरफ जा रहे एक तेज रफ्तार ट्रक में शीशा साफ करने के लिए लगाई गई लोहे की सीढ़ी अचानक टूटकर सीधे समिता के ऊपर आ गिरी. भारी-भरकम सीढ़ी सीधे सिर पर लगने से समिता लहूलुहान होकर सड़क पर जा गिरी. सड़क पर बिखरा खून देखकर पति के पैरों तले जमीन खिसक गई.
दहशत के बीच चालक ने दिखाई इंसानियत
आमतौर पर ऐसे हादसों के बाद ट्रक चालक वाहन छोड़कर रफूचक्कर हो जाते हैं, लेकिन इस घटना में एक अलग ही तस्वीर देखने को मिली. हादसे के बाद चालक ने भागने के बजाय इंसानियत दिखाई. उसने तुरंत एंबुलेंस को फोन किया और तड़प रही महिला को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) बछरावां पहुंचाया. महिला की नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे तुरंत लखनऊ ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया. चालक खुद परिजनों के साथ अस्पताल गया और इलाज कराने की जद्दोजहद में जुटा रहा, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था. ट्रामा सेंटर में इलाज के दौरान समिता ने दम तोड़ दिया.
इस दिल दहला देने वाले हादसे पर बछरावां थाना प्रभारी श्याम कुमार पाल ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम एक्टिव हो गई थी. दुर्घटना करने वाले ट्रक को कब्जे में ले लिया गया है. शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है. परिजनों की तरफ से तहरीर मिलते ही आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
ADVERTISEMENT










