रायबरेली panchayat chunav से पहले बड़ा बदलाव, 9 ब्लॉकों में बढ़े और 9 में घटे मतदाता

UP Panchayat Election News: रायबरेली में पंचायत चुनाव से पहले जारी अंतिम मतदाता सूची ने गांव की राजनीति का गणित बदल दिया है. कहीं वोटर बढ़े हैं तो कहीं बड़ी गिरावट दर्ज हुई है. फर्जी और डुप्लीकेट नाम हटने से नए समीकरण बन गए हैं. अब चुनावी रण में हर वोट की कीमत पहले से कहीं ज्यादा बढ़ गई है.

Raebareli Panchayat Election

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Newzo

• 01:18 PM • 16 Jun 2026

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UP Panchayat Election News: त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के बिगुल बजने से पहले ही रायबरेली के गांवों में चुनावी भूचाल आ गया है. अंतिम मतदाता सूची क्या जारी हुई, नेताओं की रातों की नींद और दिन का चैन गायब हो गया है. इस बार का चुनावी खेल बेहद दिलचस्प और पेचीदा होने वाला है, क्योंकि जिले के आंकड़ों ने जो पलटी मारी है, उसने बड़े-बड़े सियासी सूरमाओं के पसीने छुड़ा दिए हैं.

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मिले आंकड़ों के मुताबिक, पिछले 5 साल (2021 से 2026) के भीतर जिले का सियासी नक्शा पूरी तरह बदल गया है. जिले के 9 ब्लॉकों में जहां वोटरों की फौज बढ़ गई है, वहीं 9 अन्य ब्लॉकों में वोटरों की संख्या धड़ाम से नीचे गिर गई है. इस उठापटक ने भावी प्रधानों, बीडीसी सदस्यों और जिला पंचायत उम्मीदवारों के समीकरणों में 'करंट' दौड़ा दिया है.

इन 9 ब्लॉकों में बढ़ा वोट बैंक

सतांव: 1,34,278 से बढ़कर 1,37,196
अमावां: 1,07,428 से बढ़कर 1,08,251
डलमऊ: 1,42,690 से बढ़कर 1,46,837
दीनशाह गौरा: 83,563 से बढ़कर 85,241
ऊंचाहार: 1,21,866 से बढ़कर 1,25,089
रोहनियां: 59,183 से बढ़कर 59,827
महाराजगंज: 1,09,929 से बढ़कर 1,11,167
छतोह: 90,514 से बढ़कर 92,784
डीह: 1,05,188 से बढ़कर 1,06,661

इन 9 ब्लॉकों में घटे वोटर

राही, हरचंदपुर, लालगंज, सरेनी, खीरों, जगतपुर, बछरावां, शिवगढ़ और सलोन, सबसे तगड़ा झटका शिवगढ़ को लगा है, जहाँ वोटर 93,683 से घटकर सीधे 77,967 रह गए हैं.

फर्जी और डुप्लीकेट वोटरों पर चला प्रशासन का हंटर

इस पूरी उठापटक के पीछे जिला प्रशासन की बड़ी सर्जरी मानी जा रही है, सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत) विनायक शुक्ला के मुताबिक, मतदाता सूची के पुनरीक्षण के दौरान फर्जी, दोहरी जगह दर्ज (डुप्लीकेट) और मृत वोटरों के नाम सूची से बेरहमी से बाहर फेंक दिए गए हैं. साल 2021 के चुनाव में जहाँ 21,18,144 वोटर गांवों की सरकार चुन रहे थे, वहीं इस महा-सफाई के बाद अब कुल वोटरों की संख्या घटकर 21,04,436 रह गई है. यानी जिले में कुल 13,708 वोटरों की कमी आई है.

इस चुनावी कड़वाहट के बीच एक बेहद सुखद और चौंकाने वाली खबर भी है. पिछले 5 वर्षों में महिला मतदाताओं की संख्या में जबरदस्त इजाफा हुआ है, यह इस बात का साफ संकेत है कि इस बार के पंचायत चुनाव में मूंछ की लड़ाई लड़ने वाले पुरुषों की किस्मत का फैसला गांवों की आधी आबादी यानी महिला शक्ति करने वाली है.

वोटरों के इस भारी उलटफेर ने गांवों की चौपालों को कुरुक्षेत्र बना दिया है. जहां वोटर बढ़े हैं, वहां नए चेहरों ने ताल ठोकना शुरू कर दिया है और जहां वोटर घटे हैं, वहां पुराने दिग्गज एक-एक वोट बचाने के लिए जोड़-तोड़ में जुट गए हैं. कुल मिलाकर, रायबरेली में पंचायत चुनाव की ऐसी बिसात बिछ चुकी है, जहां मुकाबला बेहद कड़ा, रोचक और कांटे का होने वाला है.