प्रयागराज में छात्रों के प्रोटेस्ट को सपोर्ट करने पहुंची CJP, अब आंदोलन हो सकता है और बड़ा!

यूपी तक

• 12:17 PM • 20 Sep 2026

Prayagraj Student Protest: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में टीजीटी और पीजीटी भर्ती में पुरानी नियमावली लागू करने की मांग को लेकर प्रतियोगी छात्रों का आंदोलन तेज हो गया है. इस आंदोलन को तमाम राजनीतिक पार्टियों के साथ-साथ CJP का भी समर्थन मिल गया है.

Google CTA

Prayagraj Student Protest: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में टीजीटी और पीजीटी भर्ती में पुरानी नियमावली लागू करने की मांग को लेकर प्रतियोगी छात्रों का आंदोलन तेज हो गया है. जानकारी के मुताबिक छात्र 5 सितंबर से इस आंदोलन में आमरण अनशन पर बैठे हैं. इस आंदोलन को तमाम राजनीतिक पार्टियों के साथ-साथ CJP का भी समर्थन मिल गया है. तो वहीं, भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों का कहना है कि जब तक उनकी मांगे पूरी नहीं हो जाती है, वे पीछे नहीं हटेंगे. 

यह भी देखें...

14 दिन से भूख हड़ताल पर डटे छात्र

धरना स्थल से यूपी तक की टीम ने बताया है कि चार छात्र पिछले 14 दिनों से लगातार भूख हड़ताल पर बैठे हैं. आंदोलन का नेतृत्व कर रहे आशुतोष पांडे ने यूपी तक से बातचीत में बताया है कि सरकार के टीजीटी और पीजीटी भर्ती की नियमावली में बदलाव से लगभग 7 लाख छात्रों पर सीधे असर पड़ा है. 

सीजेपी ने दिया छात्रों को समर्थन

नीट पेपर लीक मामले में प्रमुखता से आवाज उठाने वाले सीजेपी के उज्जवल भी अब इस आंदोलन को अपना समर्थन देने के लिए प्रयागराज पहुंचे हैं. यूपी तक से बातचीत में उज्जवल ने कहा है कि शिक्षा व्यवस्था में मौजूद भ्रष्टाचार और नीतियों की कमी के खिलाफ यह एक बड़ी लड़ाई है. उन्होंने बताया है कि सालों से तैयारी कर रहे युवाओं का समय, पैसा और मानसिक स्वास्थ्य खराब हो रहा है, जो देश के युवाओं का एक बहुत बड़ा नुकसान है.

गांधीवादी तरीके से चल रहा प्रदर्शन

छात्र धरना स्थल पर महात्मा गांधी, स्वामी विवेकानंद और डॉ. बी.आर. अंबेडकर की तस्वीरें लगाकर पूरी तरह से शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन कर रहे हैं. छात्रों का साफ कहना है कि वे शारीरिक रूप से टूट सकते हैं, लेकिन उनका हौसला नहीं टूटेगा. प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि एसीएस पार्थ शर्मा उनकी समस्याओं को नहीं सुन रहे हैं और अपने पुराने फैसले पर ही अड़े हुए हैं.

मांग पूरी न होने पर चेतावनी

आंदोलनकारी छात्रों और उनके समर्थकों ने सरकार को खुली चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही उनके पक्ष में कोई सकारात्मक फैसला नहीं आता है, तो यह प्रदर्शन और भी बड़ा रूप ले सकता है. धरने में शामिल छात्राओं ने कहा है कि अगर सरकार उनकी पुरानी नियमावली की मांग को अनसुना करती है, तो वे रुकने वाले नहीं हैं और प्रयागराज का यह शांतिपूर्ण आंदोलन जल्द ही दिल्ली के जंतर-मंतर जैसा बड़ा रूप ले लेगा.

यह भी पढ़ें: UP Rojgar Mela: यूपी में 10वीं पास युवाओं के लिए आई नौकरी, इस जिले में 23 सितंबर को लगेगा रोजगार मेला