कुर्ता-पायजामा, लंबी दाढ़ी और नमाज..., शामली का आयुष कैसे बना रहमान? जिम ट्रेनर चांदनी कुरैशी से प्यार-निकाह और फिर धर्मांतरण, पूरा मामला हैरान कर देगा

Shamli Ayush Rahman Conversion Case: उत्तर प्रदेश के शामली जिले में एक युवक के कथित धर्मांतरण और निकाह का मामला सुर्खियों में बना हुआ है. मोहल्ला काजीवाड़ा निवासी आयुष मलिक के इस्लाम धर्म अपनाकर रहमान नाम रखने और जिम ट्रेनर चांदनी कुरैशी से निकाह करने के बाद विवाद गहरा गया है.

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Shamli Ayush Rahman Conversion Case

शरद मलिक

08 Jun 2026 (अपडेटेड: 08 Jun 2026, 10:45 AM)

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Shamli Conversion Case: उत्तर प्रदेश के शामली जिले में एक युवक के कथित धर्मांतरण और निकाह का मामला सुर्खियों में बना हुआ है. मोहल्ला काजीवाड़ा निवासी आयुष मलिक के इस्लाम धर्म अपनाकर रहमान नाम रखने और जिम ट्रेनर चांदनी कुरैशी से निकाह करने के बाद विवाद गहरा गया है. परिवार का दावा है कि आयुष के रहन-सहन में अचानक बदलाव आने लगा था. उसने कुर्ता-पायजामा पहनना शुरू कर दिया, लंबी दाढ़ी रख ली और नियमित रूप से नमाज पढ़ने जाने लगा. इसके बाद परिवार को धर्म परिवर्तन की जानकारी हुई. युवक के पिता देवराज ने पूरे मामले को एक सुनियोजित साजिश बताते हुए आरोप लगाया है कि बेटे को बहला-फुसलाकर धर्म परिवर्तन कराया गया और परिवार की करोड़ों रुपये की संपत्ति पर कब्जा करने की मंशा से यह सब किया गया. शिकायत के आधार पर पुलिस ने चांदनी कुरैशी, उसके पिता इस्लाम, तीन मौलानाओं समेत 10 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है. पुलिस ने चांदनी और उसके पिता को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.

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जिम में हुई थी पहचान

मिली जानकारी के अनुसार चांदनी कुरैशी एक जिम में ट्रेनर के रूप में काम करती थी, जहां आयुष का नियमित आना-जाना था. इसी दौरान दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई और नजदीकियां बढ़ती चली गईं. बाद में दोनों ने विवाह कर लिया. परिवार का कहना है कि उन्हें इस रिश्ते और धर्म परिवर्तन की जानकारी तब हुई, जब आयुष के रहन-सहन और व्यवहार में बदलाव दिखाई देने लगा. परिजनों के मुताबिक उसने कुर्ता-पायजामा पहनना शुरू कर दिया, लंबी दाढ़ी रख ली और मस्जिद जाकर नमाज पढ़ने लगा. इसके बाद परिवार को पूरे मामले की जानकारी हुई.

पिता ने लगाए गंभीर आरोप

युवक के पिता देवराज का आरोप है कि उनके बेटे को एक सोची-समझी योजना के तहत अपने प्रभाव में लिया गया. उनका कहना है कि बेटे को संपत्ति से जुड़े लालच दिए गए और विरोध करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी गई. उन्होंने कहा कि वह अपने बेटे की घर वापसी के लिए कानूनी और सामाजिक स्तर पर प्रयास कर रहे हैं. वहीं इस मामले पर मौलाना कासिम का कहना है कि धर्म परिवर्तन किसी दबाव में नहीं कराया जा सकता और यह व्यक्ति की निजी इच्छा पर आधारित होता है. उनका दावा है कि दोनों बालिग हैं और उन्होंने न्यायालय की अनुमति के बाद वैधानिक प्रक्रिया के तहत निकाह किया है.

सांसद पर भी उठे सवाल

मामले को लेकर हिंदू रक्षा दल समेत कई संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किया. शामली रेलवे स्टेशन पर बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एकत्र हुए और नारेबाजी करते हुए विरोध जताया. कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया. प्रदर्शनकारियों ने आगे बढ़ने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उन्हें रोक लिया. बाद में अधिकारियों के आश्वासन के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ और प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा गया. इस दौरान हिंदू रक्षा दल के नेताओं ने कैराना सांसद इकरा हसन पर भी निशाना साधा और आरोप लगाया कि उन्होंने इस मामले पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है. वहीं एसपी एनपी सिंह ने बताया कि पुलिस धर्म परिवर्तन, विवाह से जुड़े दस्तावेजों और अन्य पहलुओं की जांच कर रही है तथा तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.