लखनऊ में शहरी क्षेत्रों में 25% तो ग्रामीण क्षेत्र में बढ़ सकते हैं 15% सर्किल रेट, जानें फिर क्या हो जाएंगे जमीन के दाम

अंकित मिश्रा

25 Jul 2025 (अपडेटेड: 25 Jul 2025, 04:38 PM)

Lucknow Cricle Rate: लखनऊ में प्रस्तावित सर्किल रेट बढ़ोतरी पर सार्वजनिक आपत्तियां सुनी गईं. शहरी क्षेत्रों में 25% और ग्रामीण में 15% तक वृद्धि का प्रस्ताव है, जो 1 अगस्त से लागू हो सकता है.

Lucknow New Circle Rates

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Lucknow Cricle Rate: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में नए प्रस्तावित सर्किल रेट को लेकर गुरुवार को कलेक्ट्रेट स्थित एनआईसी सभागार में सार्वजनिक आपत्तियों और सुझावों पर सुनवाई की गई. इसमें लखनऊ के विभिन्न ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से आए लोगों ने अपनी आपत्तियां दर्ज कराईं. डीएम विशाख जी और एडीएम राकेश सिंह ने लोगों की बात सुनी और विस्तार से उन्हें प्रस्तावित बदलावों के बारे में जानकारी दी.

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इस दौरान सामने आया कि कई आपत्तिकर्ता अर्द्धशहरी क्षेत्र की परिभाषा को ठीक से समझ नहीं पाए थे. उन्हें शुरू में लगा कि सर्किल रेट उनकी अपेक्षा के अनुसार नहीं बढ़े, लेकिन अधिकारियों द्वारा उन्हें विस्तार से समझाया गया कि उनकी जमीन को अब अर्द्धशहरी क्षेत्र मानते हुए नई दरें लागू की जा रही हैं. 

काकोरी के लोगों ने की सर्किल रेट और बढ़ाने की मांग

सुनवाई के दौरान काकोरी क्षेत्र से आए कुछ लोगों ने कहा कि उनके इलाके में सर्किल रेट और अधिक बढ़ाए जाने चाहिए थे. अधिकारियों ने बताया कि प्रस्तावित रेट में पहले से ही उनकी मांगों को ध्यान में रखा गया है. उदाहरण के लिए जो जमीन पहले 25 लाख रुपये प्रति बीघा थी, उसे अब अर्द्धशहरी क्षेत्र मानकर 37 लाख 50 हजार रुपये प्रति बीघा के हिसाब से मूल्यांकन किया गया है. पहले जहां गैर-कृषि भूमि की दर 5000 रुपये प्रति वर्ग मीटर थी, अब उसे बढ़ाकर 7500 रुपये कर दिया गया है. 

मूलभूत सुविधाओं पर भी आईं आपत्तियां

कुछ लोगों ने यह सवाल उठाया कि जिन शहरी क्षेत्रों में अभी भी मूलभूत सुविधाएं नहीं हैं, वहां सर्किल रेट क्यों बढ़ाए गए. इस पर अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सर्किल रेट जमीन की खरीद-फरोख्त की बाजार दरों और सरकारी सर्वेक्षण के आधार पर तय किए जाते हैं, न कि क्षेत्र में उपलब्ध सुविधाओं के आधार पर. विकास से जुड़ी सुविधाएं अलग विषय हैं और उनका संबंध संबंधित प्राधिकरण से होता है. 

49 आपत्तियों और सुझावों पर हुई विस्तृत चर्चा

2 से 17 जुलाई के बीच प्राप्त कुल 49 आपत्तियों और सुझावों को सुनवाई में शामिल किया गया. सभी आपत्तियों पर समिति निर्णय लेगी, जिसके बाद लखनऊ के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए नए सर्किल रेट एक अगस्त से लागू किए जा सकते हैं. प्रस्ताव के अनुसार, शहरी क्षेत्रों में सर्किल रेट में 25% तक और ग्रामीण क्षेत्रों में 15% तक वृद्धि की जा सकती है. 

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