Noida Cryptocurrency Fraud Gang News: नोएडा में क्रिप्टोकरेंसी में निवेश के नाम पर लोगों को ठगने वाले एक संगठित गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है. थाना सेक्टर-20 पुलिस ने कार्रवाई करते हुए इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों के कब्जे से 11 लाख 49 हजार 500 रुपये नकद, पीड़ित के जरूरी दस्तावेज और बैंकिंग से जुड़े सामान बरामद किए गए हैं. पुलिस का कहना है कि यह गिरोह लोगों को डिजिटल करेंसी में मोटे मुनाफे का लालच देकर अपने जाल में फंसाता था और फिर नकदी लेकर फरार हो जाता था. फिलहाल मामले के दो अन्य आरोपी अभी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है.
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कैम्ब्रिज स्कूल के पास हुई गिरफ्तारी
नोएडा पुलिस के मुताबिक, थाना सेक्टर-20 की टीम ने लोकल इंटेलिजेंस की मदद से 19 जून 2026 को सेक्टर-27 स्थित कैम्ब्रिज स्कूल के पास सर्विस रोड से उमेर खान और अनुराग पारासरी को गिरफ्तार किया. दोनों के कब्जे से 11 लाख 49 हजार 500 रुपये नकद, एक चेकबुक, डेबिट कार्ड और आधार कार्ड बरामद किए गए. पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई लंबे समय से चल रही जांच के आधार पर की गई. मामले में दो अन्य आरोपी अभी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं और उनकी तलाश के लिए लगातार दबिश दी जा रही है.
क्रिप्टोकरेंसी में निवेश का झांसा देकर की गई ठगी
जांच में सामने आया कि आरोपियों ने पीड़ित सोनू सिंह से संपर्क कर उन्हें क्रिप्टोकरेंसी उपलब्ध कराने और निवेश पर अच्छा लाभ दिलाने का भरोसा दिया था. इसी बहाने उनसे 11 लाख 49 हजार 500 रुपये नकद लिए गए. आरोप है कि रकम लेने के बाद आरोपियों ने उन्हें बातों में उलझाया और उनके जरूरी दस्तावेज भी अपने कब्जे में लेकर मौके से फरार हो गए. पुलिस का कहना है कि यह गिरोह पहले लोगों का विश्वास जीतता था और फिर सुनियोजित तरीके से ठगी को अंजाम देता था.
नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से ठगी की पूरी रकम बरामद करने का दावा किया है. इसके अलावा पीड़ित की चेकबुक, डेबिट कार्ड और आधार कार्ड भी बरामद कर लिए गए हैं. अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच से पता चला है कि आरोपी डिजिटल करेंसी में निवेश के नाम पर लोगों को निशाना बनाते थे. अब यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस गिरोह ने अब तक कितने लोगों से इसी तरह ठगी की है और क्या इसके तार किसी बड़े साइबर फ्रॉड नेटवर्क से जुड़े हुए हैं.
दो आरोपी गिरफ्तार, दो की तलाश जारी
एडीसीपी मनीष सिंह ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद तत्काल मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई थी. जांच के दौरान मिले सुरागों के आधार पर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि दो अन्य की तलाश जारी है. पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है. साथ ही पूरे गिरोह की गतिविधियों और उसके नेटवर्क की भी गहन जांच की जा रही है. गिरफ्तार आरोपियों को अदालत में पेश कर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है, जबकि पुलिस को उम्मीद है कि जल्द ही इस पूरे नेटवर्क का भी खुलासा किया जाएगा.
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