'अपने किए पर कोई अफसोस नहीं है...,' जंतर-मंतर से लौट रहे छात्रों के साथ मारपीट करने वाले सत्यम पंडित ने किया ये दावा

यूपी तक

• 02:06 PM • 27 Jul 2026

Satyam Pandit Jantar Mantar Protest: जंतर-मंतर से लौट रहे छात्रों के साथ मारपीट करने वाले सत्यम पंडित ने अपने कृत्य को सही ठहराते हुए कहा कि उसे कोई पछतावा नहीं है. वहीं पीड़ित छात्र ने मारपीट और धमकी के आरोप दोहराते हुए पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग की है.

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Satyam Pandit Jantar Mantar Protest: दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र आंदोलन से लौट रहे दो छात्रों के साथ मारपीट और अभद्रता करने वाले सत्यम पंडित ने अपने कृत्य को जायज ठहराया है. आरोपी सत्यम पंडित ने कहा है कि उसे अपने किए पर कोई अफसोस नहीं है और अगर कहीं भी देश विरोधी गतिविधि होगी तो वह उसे बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेगा. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विपक्षी दलों ने पुलिस और सरकार पर सवाल उठाए हैं, वहीं दूसरी तरफ पीड़ित छात्र और उनका परिवार आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग कर रहा है.

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अपने किए पर कोई अफसोस नहीं

सत्यम पंडित ने दावा किया कि उसने जंतर-मंतर के पास कुछ लोगों को भगवान श्री राम और माता सीता को लेकर गलत बातें कहते सुना था. उसने आरोप लगाया कि प्रदर्शन की आड़ में कुछ लोग पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट, सरकारी संपत्ति को नुकसान और 'ब्राह्मणवाद मुर्दाबाद' के नारे लगा रहे थे. सत्यम के मुताबिक, पीड़ित छात्र कोई नीट (NEET) के अभ्यर्थी नहीं थे बल्कि लफंगे थे. उसने कहा कि यदि कोई उसके आराध्य देव पर सवाल उठाएगा तो वह चुपचाप बैठकर सहन नहीं करेगा.

विपक्षी नेताओं के ट्वीट पर बोले

अखिलेश यादव, राहुल गांधी और अरविंद केजरीवाल जैसे विपक्षी नेताओं द्वारा वीडियो शेयर किए जाने पर सत्यम पंडित ने कहा कि उसे इससे कोई फर्क नहीं पड़ता. उसने कहा कि वह महात्मा गांधी को नहीं बल्कि भगत सिंह को अपना आदर्श मानता है. अपने संगठन 'राष्ट्रीय हिंदू वीर सेना' का जिक्र करते हुए उसने कहा कि वह पहले भी जंतर-मंतर जाने का एलान कर चुका था, लेकिन यूपी पुलिस ने उसे नजरबंद कर दिया था. उसने स्पष्ट किया कि यदि इस मामले में पुलिस केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार करती है तो वह जेल जाने को तैयार है.

पीड़ित छात्र ने बताई अपनी आपबीती

दूसरी तरफ, बरेली के रहने वाले 16 वर्षीय पीड़ित छात्र आयुष ने बताया कि वह और उसका दोस्त केवल आंदोलन का समर्थन करने दिल्ली गए थे. जब वे गुरुद्वारे से बाहर निकले तो सत्यम पंडित और उसके करीब आधा दर्जन साथियों ने उन्हें घेर लिया, गाली-गलौज की और उनके दोस्त के साथ मारपीट की. इस पूरी घटना के बाद से पीड़ित छात्र और उनका परिवार काफी डरा हुआ है. पीड़ित परिवार का कहना है कि वे इस मामले में पुलिस से सिर्फ न्याय की गुहार लगा रहे हैं और सरेआम गुंडई करने वाले सत्यम पंडित पर कार्रवाई चाहते हैं.