यूपी की 50000 बेटियों को मिलेगी फ्री स्कूटी, रक्षाबंधन के मौके पर सीएम योगी ने किया बड़ा ऐलान

आयशा शेख़

• 05:31 PM • 28 Aug 2026

रक्षाबंधन पर उत्तर प्रदेश सरकार ने बेटियों के लिए रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना का ऐलान किया है. योजना के तहत 2025-26 सत्र में स्नातक की पढ़ाई पूरी करने वाली टॉप 5 फीसदी मेधावी छात्राओं को मुफ्त पेट्रोल स्कूटी देने की तैयारी है.

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लखनऊ में रक्षाबंधन के मौके पर उत्तर प्रदेश की बेटियों के लिए बड़ी घोषणा हुई है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के तहत प्रदेश की मेधावी छात्राओं को मुफ्त पेट्रोल स्कूटी देने की बात कही है. इस योजना के तहत 50 हजार स्नातक छात्राओं को स्कूटी देने की तैयारी है.

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मुख्यमंत्री के मुताबिक, स्कूटी 2026 के अक्टूबर-नवंबर में वितरित की जा सकती हैं. योजना का मकसद बेटियों को पढ़ाई के साथ आगे बढ़ने के लिए बेहतर सुविधा देना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है. 

2025-26 सत्र की मेधावी छात्राओं को मिलेगा लाभ

रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना का लाभ 2025-26 के शैक्षणिक सत्र में स्नातक की पढ़ाई पूरी करने वाली टॉप 5 फीसदी छात्राओं को दिया जाएगा. इसके लिए छात्रा के परिवार की सालाना आय 12 लाख रुपये तक होनी चाहिए.

योजना में कुछ छात्राओं को प्राथमिकता भी दी जाएगी. इनमें दिव्यांग छात्राएं, शहीदों की बेटियां और निराश्रित छात्राएं शामिल हैं. सरकार का कहना है कि इस पहल से उच्च शिक्षा हासिल करने वाली बेटियों को पढ़ाई और आने-जाने में मदद मिलेगी.

सीएम से छात्रा ने पूछा- मुख्यमंत्री बनने के बाद क्या बदलाव दिखा?

लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित कार्यक्रम के दौरान लखनऊ द पब्लिक स्कूल की छात्रा शिव्या ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से सवाल किया. उसने पूछा कि मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्हें उत्तर प्रदेश में क्या बदलाव देखने को मिला?

इस पर योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यही बदलाव है, जो आज यहां दिखाई दे रहा है. उन्होंने कहा कि 2017 से पहले बेटियां मुख्यमंत्री से इस तरह सुरक्षित और खुले माहौल में बात नहीं कर सकती थीं. उनके मुताबिक, आज बड़ी संख्या में बेटियां कार्यक्रम में आकर सवाल कर रही हैं और बिना किसी डर के अपनी बात रख रही हैं.

'पहले बेटी स्कूल नहीं जा पाती थी'

मुख्यमंत्री ने कहा कि 2017 से पहले बेटियों की सुरक्षा को लेकर संकट था. कई अभिभावक अपनी बेटियों को स्कूल भेजना बंद कर देते थे या उन्हें घर से दूर हॉस्टल में रखने के लिए मजबूर होते थे.

योगी ने कहा कि बेटी को जिस समय अपने माता-पिता के सबसे ज्यादा संरक्षण की जरूरत होती है, उस समय उसका घर से दूर रहना मजबूरी बन जाता था. उन्होंने कहा कि आज उन्हें खुशी होती है कि यूपी की बेटियां सुरक्षित हैं, उनका सम्मान हो रहा है और वे आत्मनिर्भर होकर जीवन के हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं.

जन्म से शादी तक बेटियों के लिए योजनाओं का जिक्र

योगी आदित्यनाथ ने सरकार की दूसरी योजनाओं का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि बेटी के जन्म से लेकर स्नातक तक की पढ़ाई के लिए मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना है. शादी के लिए मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के जरिए मदद दी जा रही है. स्कूल और कॉलेज में पढ़ने वाली छात्राओं के लिए छात्रवृत्ति की व्यवस्था भी है.

यूपी पुलिस में महिलाओं की संख्या बढ़ने का भी दावा

मुख्यमंत्री ने यूपी पुलिस में महिलाओं की संख्या का भी उदाहरण दिया. उन्होंने कहा कि 2017 से पहले यूपी पुलिस में करीब 10 हजार महिला पुलिसकर्मी थीं. आज उनकी संख्या 40 हजार हो गई है और जल्द ही यह संख्या 50 हजार होने जा रही है.

उन्होंने इसे प्रदेश में हो रहे बदलाव का परिणाम बताया. योगी ने कहा कि यूपी अब 'बीमारू' राज्य नहीं रहा, बल्कि तेजी से भारत की अर्थव्यवस्था का ग्रोथ इंजन बनकर आगे बढ़ रहा है.

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