सीनियर IPS राजीव कृष्ण बने उत्तर प्रदेश के फुलटाइम डीजीपी, यूपी पुलिस को मिला नया मुखिया

यूपी तक

31 May 2026 (अपडेटेड: 20 Jul 2026, 11:57 AM)

Uttar Pradesh New DGP: उत्तर प्रदेश पुलिस को आखिरकार चार साल बाद पूर्णकालिक पुलिस महानिदेशक मिल गया है. सरकार ने 1991 बैच के वरिष्ठ IPS अधिकारी राजीव कृष्ण को राज्य का नया फुलटाइम DGP नियुक्त किया है.

New DGP Of UP IPS Rajiv Krishna

IPS Rajiv Krishna (File Photo)

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IPS Rajiv Krishna News: उत्तर प्रदेश पुलिस को आखिरकार चार साल बाद पूर्णकालिक पुलिस महानिदेशक मिल गया है. सरकार ने 1991 बैच के वरिष्ठ IPS अधिकारी राजीव कृष्ण को राज्य का नया फुलटाइम DGP नियुक्त किया है. मई 2022 के बाद यह पहला मौका है जब यूपी पुलिस की कमान किसी स्थायी डीजीपी को सौंपी गई है. इससे पहले लंबे समय से राज्य में कार्यवाहक डीजीपी की व्यवस्था चल रही थी, जिससे पुलिस प्रशासन में अस्थिरता बनी हुई थी.

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4 साल बाद खत्म हुआ कार्यवाहक डीजीपी का दौर

राज्य में 11 मई 2022 को तत्कालीन डीजीपी मुकुल गोयल को पद से हटाए जाने के बाद से लगातार कार्यवाहक डीजीपी ही तैनात किए जा रहे थे. इस दौरान डीएस चौहान, आरके विश्वकर्मा, विजय कुमार और प्रशांत कुमार जैसे वरिष्ठ अधिकारियों ने कार्यवाहक जिम्मेदारी संभाली. 31 मई 2025 को प्रशांत कुमार के रिटायरमेंट के बाद राजीव कृष्ण को कार्यवाहक डीजीपी बनाया गया था, जिन्हें अब पूर्णकालिक जिम्मेदारी दे दी गई है.

UPSC प्रक्रिया के बाद हुआ चयन

उत्तर प्रदेश सरकार ने नए डीजीपी की नियुक्ति के लिए UPSC नियमों के तहत चयन प्रक्रिया पूरी की थी. शासन स्तर पर तीन वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों रेणुका मिश्रा (1990 बैच), पियूष आनंद (1990 बैच) और राजीव कृष्ण (1991 बैच) का पैनल बनाकर भेजा गया था. इनमें से सरकार ने राजीव कृष्ण के नाम पर अंतिम मुहर लगाई और उन्हें स्थायी डीजीपी नियुक्त करने का आदेश जारी किया.

अनुभव से भरा प्रशासनिक करियर

राजीव कृष्ण का पुलिस सेवा में लंबा अनुभव रहा है. उन्होंने इलाहाबाद, बरेली, कानपुर और अलीगढ़ में ASP के रूप में काम किया. इसके बाद वह फिरोजाबाद, इटावा, मथुरा, फतेहगढ़, बुलंदशहर, नोएडा और आगरा जैसे जिलों में एसएसपी रहे. वे दो बार लखनऊ के एसएसपी भी रह चुके हैं, जो उनके करियर की एक खास उपलब्धि मानी जाती है.

एटीएस से लेकर भर्ती बोर्ड तक अहम जिम्मेदारियां

राजीव कृष्ण ने एडीजी और डीआईजी के रूप में भी कई महत्वपूर्ण पद संभाले हैं. उन्हें यूपी एटीएस का डीआईजी बनाया गया था, जहां उन्होंने संगठन को आधुनिक संसाधनों से मजबूत किया. इसके अलावा वे बीएसएफ में प्रतिनियुक्ति पर भी रह चुके हैं. हाल ही में भर्ती बोर्ड की कमान संभालते हुए उन्होंने 60,244 सिपाही पदों की भर्ती परीक्षा सफलतापूर्वक कराई और विवाद रहित परिणाम जारी कराया. अब उन्हें 31 मई 2026 से यूपी पुलिस का पूर्णकालिक डीजीपी बनाया गया है, और उनका कार्यकाल जून 2029 तक रहेगा.