UP Kanwar Yatra Rules 2026: उत्तर प्रदेश में सावन के महीने और आगामी कांवड़ यात्रा को लेकर प्रशासन ने व्यवस्थाएं कसनी शुरू कर दी हैं. शिवभक्तों की आस्था और यात्रा की पवित्रता को ध्यान में रखते हुए पश्चिम यूपी में कांवड़ मार्गों को लेकर कड़े दिशा-निर्देश एक बार फिर से देखने को मिल रहे हैं.
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों के साथ हुई उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में भी साफ कह दिया है कि कांवड़ रूट पर किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. इस आदेश के बाद प्रशासनिक अमला एक्शन मोड में आ गया है और जिला स्तर पर नोटिस जारी होने शुरू हो गए हैं.
कांवड़ रूट से हटेंगी नॉनवेज-शराब की दुकानें
योगी सरकार के निर्देशों के तहत राज्यभर के कांवड़ मार्गों पर मीट, मछली, अंडा और नॉन-वेज परोसने वाले ढाबों व होटलों को यात्रा अवधि समाप्त होने तक पूरी तरह बंद रखने का आदेश दिया गया है.
इसके साथ ही, कांवड़ मार्गों पर पड़ने वाली शराब की दुकानों को या तो बंद रखा जाएगा या फिर उन्हें तिरपाल और पर्दों से पूरी तरह ढंक दिया जाएगा, ताकि श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाओं को ठेस न पहुंचे.
जिलों में किस तरह लागू हो रहे हैं आदेश?
- हापुड़: जिलाधिकारी कविता मीणा और हापुड़ पुलिस ने कांवड़ रूट पर स्थित मीट, अंडा व नॉनवेज दुकानों को 26 जुलाई 2026 से ही अग्रिम आदेशों तक बंद रखने का नोटिस थमा दिया है.
- मेरठ: मेरठ प्रशासन ने कांवड़ मार्ग (गंगनहर पटरी, NH-58 आदि) पर स्थित 193 मीट दुकानों को पूरी तरह बंद रखने और 197 शराब दुकानों को पर्दों से ढंकने के निर्देश दिए हैं.
- मुजफ्फरनगर: खाद्य सुरक्षा विभाग की सहायक आयुक्त अर्चना धीरन ने बताया कि कांवड़ रूट के होटलों व ढाबों पर न सिर्फ नॉनवेज पकाने और परोसने पर रोक रहेगी, बल्कि भोजन में लहसुन और प्याज के इस्तेमाल पर भी पाबंदी होगी.
- शामली: नगर पालिका परिषद और पुलिस ने फव्वारा चौक से लेकर पूर्वी यमुना नहर तक के दुकानदारों को नोटिस जारी कर 30 जुलाई से 12 अगस्त तक (14 दिनों के लिए) नॉनवेज दुकानें बंद रखने का आदेश दिया है.
- इसके अलावा, गौतमबुद्धनगर, गाजियाबाद और सहारनपुर में भी दुकानें बंद रहेंगी।
डीजे की आवाज और नेम प्लेट पर भी नजर
कांवड़ रूट पर स्थित सभी दुकानों और ढाबा संचालकों को अपने नाम और लाइसेंस की जानकारी सामने प्रदर्शित करनी होगी. डीजे की ऊंचाई 10 से 12 फीट से अधिक नहीं होगी और साउंड लेवल 75 डेसिबल के दायरे में ही रखना होगा.
शासन के वरिष्ठ अधिकारी, DGP और प्रशासनिक अमला खुद धरातल पर मॉनिटरिंग करेंगे. साथ ही, श्रद्धालुओं पर हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा की भी तैयारी है. हापुड़ और शामली प्रशासन ने दुकानदारों को चेतावनी देते हुए स्पष्ट किया है कि आदेश का उल्लंघन करने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
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