लेटेस्ट न्यूज़

नोएडा के गड्ढे में डूबकर मरे युवराज के पिता राजकुमार मेहता अब किसे कहने लगे शुक्रिया! 

अरुण त्यागी

Yuvraj Mehta Noida: नोएडा हादसे में जान गंवाने वाले युवराज मेहता के पिता ने प्रशासनिक लापरवाही पर उठाया सवाल. कहा- "बेटे ने 2 घंटे मौत से लड़ाई लड़ी, प्रशासन देखता रहा." जानिए किसे किया धन्यवाद.

ADVERTISEMENT

Yuvraj Mehta Father Interview
Yuvraj Mehta Father Interview
social share
google news

नोएडा के सेक्टर में नाले में तब्दील हो चुके एक बेसमेंट में डूबने से जान गंवाने वाले 24 वर्षीय युवराज मेहता के घर पर आयोजित शोक सभा में उनके पिता राजकुमार मेहता का दर्द छलक पड़ा. उन्होंने अपनी चुप्पी तोड़ते हुए नोएडा प्रशासन और बचाव दल की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं. युवराज के पिता ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि उनके बेटे की मौत कोई हादसा नहीं बल्कि प्रशासनिक लापरवाही का नतीजा है. 

यहां नीचे युवराज की शोक सभा से जुड़ी ये खास वीडियो रिपोर्ट देखिए

राजकुमार मेहता ने बताया कि गाड़ी डूबने के बाद युवराज ने अंदर से लगभग 2 घंटे तक संघर्ष किया, जो बचाव कार्य के लिए पर्याप्त समय था. लेकिन मौके पर मौजूद जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी किनारे खड़े होकर तमाशा देखते रहे. उन्होंने आरोप लगाया कि बचाव दल ने युवराज को बचाने के बजाय उसे भगवान भरोसे छोड़ दिया, जबकि उसे आसानी से बाहर निकाला जा सकता था. 

किसे किया धन्यवाद और क्यों?

अपने गुस्से के बीच युवराज के पिता ने कुछ लोगों का आभार भी व्यक्त किया. उन्होंने मीडिया को धन्यवाद देते हुए कहा कि उनकी बुलंद आवाज के कारण ही सरकार ने इस घटना का संज्ञान लिया और SIT गठित की. उन्होंने फूड डिलीवरी बॉय मुनिंद्र को विशेष रूप से धन्यवाद दिया, जिसने अपनी जान की परवाह न करते हुए नाले में छलांग लगाई और युवराज को बचाने की कोशिश की. घटना की गंभीरता को देखते हुए SIT जांच बैठाने के लिए उन्होंने उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार का भी शुक्रिया अदा किया. 

यह भी पढ़ें...

इस बीच नोएडा अथॉरिटी में बड़ा फेरबदल

युवराज मेहता की मौत के बाद मचे हंगामे और लापरवाही के आरोपों के बीच नोएडा अथॉरिटी के सीईओ लोकेश एम. को हटा दिया गया है. उनकी जगह 2011 बैच के आईएएस अधिकारी कृष्णा करुणेश को नोएडा अथॉरिटी का नया प्रभारी सीईओ नियुक्त किया गया है. 

ये भी पढ़ें: युवराज मेहता केस के बाद हटाए गए एम लोकेश की जगह नोएडा अथॉरिटी को मिला नया CEO, कौन हैं IAS कृष्णा करुणेश?

क्या हुआ था युवराज के साथ, यहां जानिए

ग्रेटर नोएडा में 27 साल के एक इंजीनियर युवराज की करीब 30 फीट गहरे पानी से भरे बेसमेंट में गिरने से मौत हो गई थी. यह घटना उस वक्त हुई जब युवराज अपने ऑफिस से घर लौट रहा था. इस दौरान घना कोहरा और रास्ते में बैरिकेडिंग ना होने की वजह से उसकी कार एक निर्माणाधीन मॉल के पानी से लबालब भरे करीब 30 फीट गहरे बेसमेंट में जा गिरी. लेकिन युवराज ने हार नहीं मानी. वह कार से निकलकर उसकी छत पर चढ़ गया. वह छत पर लेट गया ताकि बैलेंस न बिगड़े. वह डेढ़ घंटे तक हेल्प-हेल्प चिल्लाता रहा. मौके पर बेबस पिता राजकुमार मेहता पहुंचे,पुलिस पहुंची और फायर ब्रिगेड भी. कई घंटों तक युवराज सिर्फ मदद का इंतजार करता रहा. लेकिन इसके बावजूद भी उसे मदद नहीं मिली और उसकी मौत हो गई.