राम मंदिर चढ़ावा चोरी केस में 8 आरोपियों पर कोर्ट से आया बड़ा अपडेट, टिन्नू यादव समेत सभी की न्यायिक हिरासत बढ़ी

यूपी तक

06 Sep 2026 (अपडेटेड: 06 Sep 2026, 10:12 AM)

अयोध्या के राम मंदिर में भक्तों के चढ़ावे की चोरी और गबन के मामले में गिरफ्तार सभी आठ आरोपियों को फिलहाल जेल में ही रहना होगा.

Tinnu Yadav

Tinnu Yadav (File Photo)

Google CTA

Ram Mandir Donation Theft Case: अयोध्या के राम मंदिर में भक्तों के चढ़ावे की चोरी और गबन के मामले में गिरफ्तार सभी आठ आरोपियों को फिलहाल जेल में ही रहना होगा. अयोध्या की एंटी-करप्शन कोर्ट ने शनिवार को सभी आरोपियों की न्यायिक हिरासत 18 सितंबर तक बढ़ा दी. इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों में ज्यादातर बैंक कर्मचारी हैं, जिन्हें मंदिर में आने वाले नकद दान की गिनती के काम में लगाया गया था. बता दें अब तक जांच के दौरान 79.85 लाख रुपये बरामद किए जाने की बात सरकारी पक्ष ने कही है.

यह भी पढ़ें...

18 सितंबर तक जेल में रहेंगे सभी आरोपी

आरोपियों की ओर से पैरवी कर रहे वकील कुल शेखर सिंह ने बताया कि कोर्ट ने सभी आठ आरोपियों की न्यायिक हिरासत बढ़ाने का आदेश दिया है. यह आदेश अयोध्या एंटी-करप्शन कोर्ट के स्पेशल जज रजत वर्मा ने सुनाया. मामले में गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अविनाश शुक्ला, अनुकल्प मिश्रा, लव कुश मिश्रा, मनीष कुमार यादव, करुणेश पांडे, राम शंकर मिश्रा, सुभाष श्रीवास्तव और रामाशंकर उर्फ टिन्नू यादव के रूप में हुई है. सभी आरोपी फिलहाल जेल में बंद हैं.

FIR के बाद हुई थी गिरफ्तारी

मंदिर में दान की गिनती से जुड़ी कथित अनियमितताओं की जांच के लिए राज्य सरकार ने स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम यानी SIT बनाई थी. टीम की शुरुआती रिपोर्ट के बाद 25 जून को FIR दर्ज की गई थी. इसके बाद मामले में आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया. आरोपियों पर मंदिर में भक्तों की ओर से चढ़ाए गए नकद और कीमती सामान के कथित गबन से जुड़े आरोप हैं. सरकारी पक्ष के अनुसार जांच आगे बढ़ने के साथ बरामदगी भी हुई है.

आरोपी ने कहा- मुझे झूठा फंसाया गया

आरोपियों की ओर से पेश वकील के मुताबिक सुभाष श्रीवास्तव ने अपनी जमानत अर्जी में दान की गिनती की पूरी प्रक्रिया को लेकर कोर्ट के सामने अपना पक्ष रखा है. उन्होंने खुद को इस मामले में झूठा फंसाए जाने का दावा किया है. वकील के अनुसार, श्रीवास्तव ने यह भी तर्क दिया कि दान की गिनती की प्रक्रिया में सिर्फ गिरफ्तार किए गए आठ आरोपी ही शामिल नहीं थे, बल्कि कई अन्य लोग भी इस काम से जुड़े हुए थे. अब उनकी दलीलों पर अदालत में आगे सुनवाई होगी.

जमानत अर्जियों पर इन तारीखों में सुनवाई

वकील कुल शेखर सिंह ने बताया कि आरोपियों की जमानत अर्जियों पर अलग-अलग तारीखों में सुनवाई तय की गई है. तीन आरोपियों की जमानत अर्जी पर 11 सितंबर को सुनवाई होगी. इसके बाद तीन अन्य आरोपियों की अर्जियों पर 14 सितंबर को सुनवाई की जाएगी. बाकी दो आरोपियों की जमानत अर्जियों पर 15 सितंबर को सुनवाई होगी. इस तरह आने वाले दिनों में अदालत में आरोपियों की जमानत को लेकर सुनवाई का दौर जारी रहेगा.

पेंशन वाले बैंक खाते को लेकर भी कोर्ट में अर्जी

इस मामले में मंगलवार को सुभाष श्रीवास्तव की ओर से उनके केनरा बैंक खाते को अनफ्रीज करने की मांग भी की गई थी. उनके वकील ने कोर्ट में दलील दी थी कि इस खाते में श्रीवास्तव की पेंशन आती है और इसी रकम से परिवार का खर्च चलता है. हालांकि कोर्ट ने इस अर्जी पर तत्काल फैसला नहीं सुनाया और सुनवाई को 9 सितंबर तक के लिए टाल दिया. वहीं, जांच में अब तक 79.85 लाख रुपये की बरामदगी बताई गई है. मामले में ज्यादातर आरोपी बैंक कर्मचारी थे, जिन्हें मंदिर में नकद दान की गिनती के लिए तैनात किया गया था. सुभाष श्रीवास्तव इस प्रक्रिया के इंचार्ज थे, जबकि रामाशंकर उर्फ टिन्नू यादव ड्राइवर के तौर पर काम करता था.