गत्ते पर लिखा 'बहू ने मारा' और गायब हो गई ऋतु?... प्रयागराज में 4 लोगों के मर्डर के बाद अब इस महिला की तलाश तेज

प्रयागराज सामूहिक हत्याकांड में नया मोड़. कौशाम्बी जेल में बंद अश्वनी की कथित पत्नी ऋतु की तलाश में जुटी पुलिस. दीवार पर लिखा मिला था 'बहू ने मारा है'.

UP News

पंकज श्रीवास्तव

• 12:25 PM • 03 Jun 2026

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प्रयागराज के साउथ मलाका सामूहिक हत्याकांड में पुलिस की तफ्तीश जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, इस मर्डर मिस्ट्री की परतें उतनी ही उलझती जा रही हैं. बंद घर और दुकान का ताला तोड़कर बरामद किए गए चार शवों के मामले में अब पुलिस की सुई एक खास किरदार पर आकर टिक गई है. इस पूरी वारदात का मुख्य एंगल अब छोटे बेटे की कथित प्रेमिका और बहू की सरगर्मी से तलाश पर केंद्रित हो गया है, जिसके हाथ में इस खौफनाक हत्याकांड की चाबी होने की उम्मीद जताई जा रही है.

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साउथ मलाका सब्जी मंडी चौराहा स्थित एक मकान में कारोबारी वीरेंद्र वैश्य, उनकी पत्नी अनीता, बेटी मीनाक्षी और बेटे अभिषेक की सिर कूचकर बेरहमी से हत्या कर दी गई थी. इस सनसनीखेज वारदात का खुलासा मंगलवार शाम तब हुआ जब पुलिस ने बाहर से बंद पड़े घर और दुकान का ताला तोड़कर चारों के खून से लथपथ शव अलग-अलग कमरों से बरामद किए. इस मामले में पुलिस के हाथ लगे सुराग अब सीधे तौर पर घर की बहू की तरफ इशारा कर रहे हैं.

कौशाम्बी जेल में बंद है छोटा बेटा, कुछ दिन पहले ही जमानत पर बाहर आई है ऋतु

जांच में जो सबसे बड़ा एंगल सामने आया है, उसके मुताबिक मृतक वीरेंद्र कुमार वैश्य का छोटा बेटा अश्वनी वैश्य और उसकी बहू पिछले साल धोखाधड़ी के एक मामले में जेल गए थे. अश्वनी अभी भी कौशाम्बी जेल में ही बंद है, जबकि उसकी कथित पत्नी व प्रेमिका ऋतु कुछ दिन पहले ही जमानत पर जेल से बाहर आई है.

एडिशनल पुलिस कमिश्नर लॉ एंड ऑर्डर डॉ. अजय पाल शर्मा के मुताबिक, जेल में बंद अश्वनी और मृत मिला अभिषेक दोनों ही आपराधिक प्रवृत्ति के थे और दोनों की अपने पिता वीरेंद्र से अक्सर अनबन रहती थी. पुलिस को पूरी उम्मीद है कि ऋतु के पकड़े जाने या मिलने पर इस सामूहिक हत्याकांड के सारे उलझे सवालों के जवाब मिल जाएंगे.

गत्ते, बोर्ड और दीवारों पर लिखा मिला- 'बंटी-बबली और बहू ने मारा है'

इस मर्डर मिस्ट्री में सस्पेंस तब और गहरा गया जब फॉरेंसिक टीम को छानबीन के दौरान घर के भीतर एक दफ्ती (गत्ते) का टुकड़ा, बोर्ड और दीवारों पर साफ शब्दों में बंटी-बबली और बहू ने मारा है लिखा हुआ मिला. पुलिस को इस बात की भी आशंका है कि या तो मृतकों में से किसी ने अपनी जान जाने से ठीक पहले कातिल का नाम उजागर करने के लिए यह लिखा है, या फिर जांच एजेंसी को भटकाने के लिए असली हत्यारों ने यह सोची-समझी साजिश रची है. पुलिस अब इस लिखावट का मिलान कराने की वैज्ञानिक प्रक्रिया शुरू कर रही है.

दुकान से मिली बेटे की फूली हुई लाश, 80 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही पुलिस

इस खौफनाक वारदात में सबसे पहले मंगलवार शाम को घर के मुखिया 70 वर्षीय वीरेंद्र कुमार वैश्य, उनकी 65 वर्षीय पत्नी अनीता और 45 वर्षीय बेटी मीनाक्षी के शव घर के कमरों से बरामद हुए थे. इसके बाद देर शाम लापता 40 वर्षीय बड़े बेटे अभिषेक का शव उनकी ही 12-13 दुकानों में से एक दुकान के अंदर से मिला. अभिषेक का शव कई दिन पुराना लग रहा है और वह पूरी तरह फूल गया है, जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि उसकी हत्या बाकी सदस्यों से पहले की गई थी.

मामले के त्वरित खुलासे के लिए पुलिस की 5 विशेष टीमें दिन-रात काम कर रही हैं. फील्ड यूनिट, डॉग स्क्वायड और फोरेंसिक टीमें साक्ष्य जुटाने में लगी हैं. पुलिस अब तक आस-पास के 80 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को खंगाल चुकी है. सूत्रों के अनुसार, घटना से ठीक पहले घर के बाहर अभिषेक की किसी से कहासुनी भी हुई थी, जिसके चलते उसके कुछ विवादित संपर्क भी जांच के दायरे में हैं. पुलिस को अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और ऋतु की तलाश पूरी होने का इंतजार है, जिसके बाद बड़ा खुलासा होने का दावा किया जा रहा है.