Ali Ahmed Convoy Stopped: माफिया अतीक अहमद के बेटे अली अहमद को झांसी जेल से प्रयागराज पुलिस काफिले में लाया जा रहा था, तभी अचानक कौशांबी में काफिले को रोक दिया गया. जानकारी के मुताबिक, सैनी कोतवाली के पास पुलिस ने काफिले में शामिल सभी गाड़ियों को रोका और चेकिंग शुरू कर दी. इसी दौरान पुलिस ने अतीक के दूसरे बेटे एहजम अहमद की गाड़ी को भी रोक लिया. पुलिस ने एहजम से कुछ देर तक पूछताछ की और फिर उसकी गाड़ी को आगे जाने दिया. अली अहमद को उमेश पाल हत्याकांड मामले में बयान दर्ज कराने के लिए प्रयागराज कोर्ट लाया जा रहा था.
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रूटीन चेकिंग का हिस्सा थी कार्रवाई
कौशांबी में काफिले को अचानक रोके जाने से कई सवाल उठने लगे थे, लेकिन पुलिस ने इसे रूटीन चेकिंग का हिस्सा बताया है. सैनी कोतवाली के प्रभारी त्रिलोकीनाथ पांडे ने जानकारी दी कि सुरक्षा के लिहाज से वहां से गुजर रहे वाहनों की चेकिंग की जा रही थी. इसी चेकिंग के दौरान काफिले की गाड़ियों को भी रोका गया और पुलिसकर्मियों ने वाहनों के बारे में जानकारी ली. पूछताछ और चेकिंग पूरी होने के बाद पुलिस ने एहजम सहित सभी गाड़ियों को प्रयागराज की ओर जाने दिया.
उमेश पाल हत्याकांड से जुड़ा है मामला
अली अहमद को प्रयागराज लाए जाने का पूरा कनेक्शन उमेश पाल शूटआउट केस से जुड़ा हुआ है. 24 फरवरी 2023 को प्रयागराज में उमेश पाल और उनके दो सरकारी गनर्स की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. इस सनसनीखेज वारदात के बाद पुलिस जांच में अतीक अहमद के परिवार और करीबियों का नाम सामने आया था. पुलिस ने अतीक के बेटे अली अहमद और उमर अहमद को भी इस हत्याकांड की साजिश में आरोपी बनाया है.
अली के बयान पर टिकी हैं नजरें
अली अहमद का नाम इस केस में आने के बाद उससे पहले भी जेल में पूछताछ हो चुकी है. अप्रैल 2024 में पुलिस ने हत्याकांड और साजिश को लेकर उसका बयान दर्ज किया था. अब एक बार फिर से इस मामले से जुड़ी कानूनी प्रक्रिया के तहत उसके बयान कोर्ट में दर्ज होने हैं, जिसके लिए उसे झांसी से प्रयागराज लाया जा रहा है.
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