Kaushambi News: उत्तर प्रदेश के कौशांबी में 31 अगस्त को एक पटाखा फैक्ट्री में जोरदार धमाका हुआ था. पुलिस ने इस मामले में बड़ी कार्रवाई की है. इस हादसे में 11 लोगों की दर्दनाक मौत हुई थी. पुलिस हादसे के जिम्मेदार मुख्य आरोपियों को पकड़ने के लिए तुरंत चार टीमों का गठन किया था. अब पुलिस ने एक मुठभेड़ के बाद सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.
ADVERTISEMENT
मुठभेड़ के बाद मुख्य आरोपी गिरफ्तार
31 अगस्त को पिपरी थाना क्षेत्र के महमूदपुर मनौरी गांव की पटाखा फैक्ट्री में जोरदार विस्फोट हुआ था. पुलिस अधीक्षक सत्यनारायण प्रजापत ने आरोपी को पकड़ने के लिए चार टीमें बनाई थीं. 1 सितंबर की सुबह करीब 4 बजे सूचना मिली कि मुख्य आरोपी नौशाद अली भागने की कोशिश कर रहा है. पुलिस ने उसे चरवा इलाके में घेर लिया. खुद को घिरा देखकर नौशाद ने फायरिंग कर दी. जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली उसके पैर में लगी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर अस्पताल भेज दिया गया.
लापरवाह पुलिसकर्मियों पर गिरी बड़ी गाज
इस गंभीर मामले में पुलिस प्रशासन ने अपने विभाग के लोगों पर भी सख्त कार्रवाई की है. ड्यूटी में लापरवाही के आरोप में पिपरी थाना प्रभारी विकास सिंह, चौकी प्रभारी अमित द्विवेदी और पूर्व चौकी प्रभारी मनीष पाल को लाइन हाजिर किया गया है. इसके अलावा अवैध फैक्ट्री की जानकारी न देने पर सिपाही जितेंद्र कुमार और कृष्ण कुमार को तुरंत सस्पेंड कर दिया गया है.
छह आरोपियों पर मुकदमा हुआ दर्ज
पुलिस ने इस पूरी घटना को लेकर छह आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है. मामले की जांच के दौरान शबाना और साइना नाम की दो महिला आरोपियों को भी पुलिस ने हिरासत में लिया है. पुलिस इन दोनों महिलाओं से पटाखा फैक्ट्री चलाने और धमाके से जुड़े तथ्यों के बारे में लगातार पूछताछ कर रही है ताकि पूरे नेटवर्क का खुलासा हो सके.
ADVERTISEMENT










