संभल केस में इस लड़की ने अनुज चौधरी को लेकर जो कहा उसे जान चौंक जाएंगे

यूपी तक

• 04:47 PM • 16 Jan 2026

संभल में घायल आलम के परिवार ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए है. कोर्ट ने एएसपी अनुज चौधरी और 15-20 अन्य पुलिसकर्मियों पर FIR दर्ज करने का आदेश दिया है. पुलिस ने इस आदेश को चुनौती देने का निर्णय लिया है.

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Sambhal Violence Case: उत्तर प्रदेश के संभल में हुई हिंसा के मामले में कोर्ट द्वारा एएसपी अनुज चौधरी और 15-20 पुलिसकर्मियों पर एफआईआर के आदेश के बाद अब पीड़ित परिवार खुलकर सामने आ गया है. घायल आलम की बड़ी बहन रजिया ने कैमरे के सामने आकर पुलिस पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं. रजिया का आरोप है कि उसका भाई आलम एक पैर से पोलियोग्रस्त (विकलांग) है. घटना वाले दिन वह सुबह-सुबह घर का खर्च चलाने के लिए पापे बेचने निकला था. उसे इलाके में हो रही हिंसा की जानकारी नहीं थी. रजिया के मुताबिक, पुलिस ने आलम को घेर लिया और उस पर जान से मारने की नीयत से तीन गोलियां चला दीं.

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इस मामले से जुड़ी वीडियो रिपोर्ट को यहां नीचे देखा ज सकता है

एएसपी अनुज चौधरी समेत 12 पर आरोप

रजिया ने खासतौर पर तत्कालीन सीओ और वर्तमान में फिरोजाबाद में तैनात एएसपी अनुज चौधरी का नाम लिया है. उसका कहना है कि परिवार ने करीब 12 पुलिसकर्मियों के नाम याचिका में दिए हैं, जिनमें अनुज चौधरी मुख्य आरोपी हैं. परिवार का दावा है कि वे पिछले एक साल से पुलिस की धमकियों के बावजूद पीछे नहीं हटे और अब कोर्ट ने उनकी गुहार सुनी है. 

कोर्ट का आदेश और पुलिस की चुनौती

संभल की चंदौसी सीजीएम कोर्ट ने मंगलवार को एएसपी अनुज चौधरी और 15-20 अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया है. हालांकि, संभल के एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने साफ किया है कि पुलिस विभाग इस आदेश को चुनौती देगा और ऊपरी अदालत (अपर कोर्ट) में अपील करेगा. फिलहाल किसी भी पुलिसकर्मी के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है. पीड़ित पक्ष के वकील का भी कहना है कि अगर अनुज चौधरी समेत सारे आरोपी पुलिसवालों पर केस दर्ज नहीं हुआ तो वो हाई कोर्ट का रुख करेंगे.

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