Mathura Congress Protest: मथुरा में अपर्णा यादव के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन, महिला आरक्षण और परिसीमन मुद्दे पर सरकार को घेरा

Mathura Congress protest: मथुरा में राजनीतिक तनाव उस वक्त बढ़ गया जब भाजपा नेता अपर्णा यादव के खिलाफ महिला कांग्रेस सड़कों पर उतर आई. झंडा जलाने के आरोप को लेकर गुस्साए कार्यकर्ताओं ने पुतला फूंका और सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं.

Mathura News

Newzo

• 04:05 PM • 21 Apr 2026

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Mathura News: कांग्रेस जिलाध्यक्ष मुकेश धनगर के निर्देश पर, उत्तर प्रदेश महिला आयोग की उपाध्यक्ष एवं भाजपा नेता अपर्णा यादव द्वारा कांग्रेस का झंडा जलाए जाने के विरोध में जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष रूपा लवानिया के नेतृत्व में महिला कांग्रेस पदाधिकारियों ने होली गेट पर जोरदार प्रदर्शन करते हुए उनका पुतला फूंका.इस दौरान वरिष्ठ नेत्री और पीसीसी सदस्य लता चौहान ने कहा कि अपर्णा यादव का यह कदम बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है और यह राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास प्रतीत होता है. 

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उन्होंने आरोप लगाया कि महिला सम्मान और राजनीतिक भागीदारी जैसे गंभीर मुद्दों को परिसीमन जैसी जटिल प्रक्रिया से जोड़ना संदेह पैदा करता है. उनके अनुसार, महिला आरक्षण के नाम पर केंद्र सरकार कोई व्यापक राजनीतिक रणनीति बना रही है, जो लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है. उन्होंने यह भी कहा कि 2023 में महिला आरक्षण विधेयक पारित होने के बावजूद इसे लागू नहीं किया गया और कांग्रेस इसके लिए सड़क से संसद तक संघर्ष जारी रखेगी.

वरिष्ठ कांग्रेस नेत्री एवं लोकमंच कलाकार सीमा मोरवाल ने कहा कि भाजपा अब संस्कार, संस्कृति और राष्ट्रधर्म से भटककर सत्ता की लालसा और राजनीतिक साजिशों की ओर बढ़ती दिखाई दे रही है. उनका कहना था कि महिला आरक्षण बिल पास होने के बाद भी उसे लागू न करना बेहद निंदनीय है और इससे स्पष्ट होता है कि सरकार महिलाओं के प्रति गंभीर नहीं है.

जिला कांग्रेस नेत्री ललिता देवी ने कहा कि जब घर में ही महिलाओं का सम्मान सुरक्षित नहीं है, तब संसद में नारी सम्मान की बातें करना केवल दिखावा लगता है. यह स्थिति राजनीतिक ही नहीं, बल्कि नैतिक रूप से भी चिंताजनक है. पूर्व महिला कांग्रेस अध्यक्ष नीलम कुलश्रेष्ठ ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार महिलाओं को गुमराह कर रही है. उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण विधेयक पहले ही पारित हो चुका है, लेकिन इसे लागू नहीं किया गया. 

उनके अनुसार, सरकार जिस बिल का समर्थन कर रही है, वह वास्तव में महिला आरक्षण नहीं बल्कि 2026 का परिसीमन से जुड़ा संविधान संशोधन है. उन्होंने आशंका जताई कि 2011 की जनगणना के आधार पर परिसीमन लागू करने से एससी, एसटी और ओबीसी वर्गों को उचित प्रतिनिधित्व नहीं मिल पाएगा और इससे भाजपा को लंबे समय तक सत्ता में बने रहने में मदद मिल सकती है.

कार्यक्रम का संचालन कांग्रेस नेत्री गीता दिवाकर ने किया. इस प्रदर्शन में आरती चौधरी, अंजुल देवी, संजू देवी, नीरज देवी, लक्ष्मी देवी, नीता देवी, रामवती, आयुषी चौरसिया, निशा देवी, मंजू देवी, लीमा देवी, दुर्गा, गंगा देवी, भगवती देवी, कविता देवी, गुड़िया रानी, सावित्री, सपना चौधरी, कृष्ण माहौर, भगवान देई सहित कई महिलाएं उपस्थित रहीं.