कानपुर में स्टूडेंट की हत्या करने के बाद ट्यूशन टीचर ने उसके मामा को फोन कर पूछी थी ये बात

रंजय सिंह

01 Nov 2023 (अपडेटेड: 01 Nov 2023, 03:51 AM)

उत्तर प्रदेश के कानपुर में टेक्सटाइल व्यवसायी के 17 साल के बेटे की हत्या मामले का पुलिस ने खुलासा करने का दावा किया है. पुलिस के अनुसार, 17 वर्षीय युवक कुशाग्र की हत्या उसकी ट्यूशन टीचर रचिता ने अपने बॉयफ्रेंड प्रभात और उसके दोस्त शिवा के साथ मिलकर की थी.

UP Tak
Google CTA

Kanpur News: उत्तर प्रदेश के कानपुर में टेक्सटाइल व्यवसायी के 17 साल के बेटे की हत्या मामले का पुलिस ने खुलासा करने का दावा किया है. पुलिस के अनुसार, 17 वर्षीय युवक कुशाग्र की हत्या उसकी ट्यूशन टीचर रचिता ने अपने बॉयफ्रेंड प्रभात और उसके दोस्त शिवा के साथ मिलकर की थी. वहीं, अब कुशाग्र की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट सामने आई है. इससे पता चला है कि आरोपी छात्र की सीधे-सीधे हत्या ही करना चाहते थे. रिपोर्ट से पता चला है कि आरोपियों ने फंदा डालकर कुशाग्र का गला घोंट दिया था. इसके बाद बॉडी घसीटने के समय उसके जबड़े पर खरोच आ गई थी. यह पोस्टमॉर्टम कानपुर में कल्याणपुर सीएचसी अस्पताल के डॉक्टर आलोक ओमर ने किया है.

यह भी पढ़ें...

टीचर रचिता चल रही थी ये चाल!

जॉइंट कमिश्नर आनंद प्रकाश तिवारी ने बताया कि आरोपी राचिता ने कुशाग्र की हत्या करने के बाद शातिर चाल चली थी. जॉइंट कमिश्नर के अनुसार, हत्या करने के बाद रचिता कुशाग्र के मामा को फोन कर चिंता का बहाना बनाते हुए उनसे पल-पल की जानकारी ले रही थी, ताकि उसपर शक न जाए.

छात्र के बाबा ने कही ये बात

छात्र के बाबा संजय कनोडिया बस इसी बात पर अफसोस कर रहे हैं रचिता वत्स वह कभी पहचान नहीं पाए. उसकी हकीकत जान नहीं पाए. उन्होंने कहा कि यह टीचर उनके पोते को पिछले कई सालों से पढ़ा रही थी. पहले वह उनके घर में पढ़ाने आती थी, लेकिन इसके बाद उन्होंने उसे हटा दिया था. मगर एक साल पहले वह फिर से कुशाग्र के भाई को पढ़ाने लगी थी.

ऐसा कहा जा रहा है कि कुशाग्र स्मार्ट दिखता था. इसी बीच उसका टीचर रचिता से कथित तौर पर अफेयर हो गया. छात्र टीचर से मिलने उसके घर आता था. बस यही बात उसके मर्डर की वजह बन गई. रचिता के कुशाग्र के अलावा प्रभात शुक्ला से भी अफेयर था. प्रभात को यह बात चुभ रही थी. फिर उसने अपने दोस्त शिवा के साथ मिलकर कुशाग्र की हत्या की प्लानिंग बना डाली. हैरानी की बात यह है इस प्लान में रचिता भी शामिल हो गई थी.

आरोपियों ने इसलिए मांगी थी फिरौती

गौरतलब है कि आरोपियों ने पुलिस को गुमराह करने के लिए मृतक के परिजनों से 30 लाख रुपये की फिरौती मांगी और पत्र में एक जगह ‘अल्लाह हू अकबर’ भी लिख दिया था. बता दें कि युवक की हत्या करने के बाद आरोपियों ने फिरौती मांगकर मामले को उलझाने की कोशिश की थी.