UP Weather Update: उत्तर प्रदेश में अप्रैल की शुरुआत जहां ठंडे और राहत भरे मौसम के साथ हुई थी, वहीं अब हालात तेजी से बदल गए हैं. प्रदेश में गर्मी ने अचानक रफ्तार पकड़ ली है और मौसम का मिजाज जून जैसी तपिश का एहसास कराने लगा है. मार्च के दौरान हुई बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि के बाद अब राज्य के ज्यादातर हिस्सों में तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों की दिनचर्या को प्रभावित करना शुरू कर दिया है. मौसम विभाग के अनुसार 16 अप्रैल से प्रदेश के अधिकांश जिलों में तापमान में लगातार वृद्धि और लू चलने की संभावना जताई गई है.
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कुछ ही दिनों में तापमान में तेज उछाल
मौसम विभाग की ताजा जानकारी के मुताबिक, बीते चार दिनों के अंदर उत्तर प्रदेश के औसत तापमान में लगभग 10 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है. विशेषज्ञों का कहना है कि फिलहाल प्रदेश में कोई सक्रिय मौसम प्रणाली या पश्चिमी विक्षोभ प्रभावी नहीं है, जिसके कारण सूर्य की सीधी किरणें धरती को तेजी से गर्म कर रही हैं. यही वजह है कि तापमान में अचानक इतनी तेजी से बढ़ोतरी देखने को मिल रही है.
लखनऊ में और बढ़ेगा पारा
हाल ही में दर्ज आंकड़ों के अनुसार, बांदा जिला 42.6 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ प्रदेश का सबसे गर्म इलाका रहा. वहीं राजधानी लखनऊ में 16 अप्रैल को अधिकतम तापमान लगभग 40 डिग्री और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है. सुबह से ही तेज धूप और गर्म हवाओं का असर महसूस किया जा रहा है, जिससे लोगों को दिन के समय बाहर निकलने में कठिनाई हो रही है.
इन जिलों में लू की चेतावनी जारी
मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों में लू और भीषण गर्मी को लेकर अलर्ट जारी किया है. जिन जिलों में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है, उनमें गोरखपुर, देवरिया, वाराणसी, आजमगढ़, गाजीपुर, बलिया, जौनपुर, बस्ती, मिर्जापुर, लखनऊ, कानपुर, झांसी, आगरा, मथुरा, अलीगढ़, मेरठ, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, रामपुर, अमरोहा, बरेली और हापुड़ शामिल हैं. इन क्षेत्रों में खासतौर पर दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच बाहर निकलना जोखिम भरा हो सकता है.
गर्मी बढ़ने के पीछे ये हैं मुख्य कारण
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार तापमान में इस अचानक वृद्धि के पीछे कई प्राकृतिक कारण जिम्मेदार हैं. फिलहाल आसमान पूरी तरह साफ है, पछुआ हवाओं की गति धीमी हो गई है और वातावरण में नमी का स्तर काफी कम हो गया है. इन परिस्थितियों के कारण गर्म और शुष्क हवाएं चल रही हैं, जो तापमान को और अधिक बढ़ा रही हैं.
मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि 18 अप्रैल के बाद प्रदेश में हीटवेव की स्थिति और गंभीर हो सकती है. कई जिलों में तापमान 41 से 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना जताई गई है. फिलहाल 21 अप्रैल तक किसी भी प्रकार की राहत मिलने की उम्मीद नहीं दिखाई दे रही है.
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