Ayodhya Ram Mandir News: अयोध्या के भव्य राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के मामले में गिरफ्तार आरोपी अनुकल्प मिश्रा के परिजनों ने अब सामने आकर उसे पूरी तरह बेकसूर और निर्दोष बताया है. इस हाई-प्रोफाइल मामले में गिरफ्तारी के बाद आरोपी की रिश्तेदार सुषमा मिश्रा ने अनुकल्प का बचाव करते हुए उसे एक बेहद धार्मिक और संस्कारी युवक बताया है. परिजनों का कहना है कि इस पूरे घटनाक्रम और आरोपों से उनका परिवार बेहद दुखी, हैरान और सदमे में है.
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'हर मंगलवार करता है सुंदरकांड का पाठ, स्वभाव से है संस्कारी'
आरोपी की रिश्तेदार सुषमा मिश्रा ने बताया कि अनुकल्प उनका भतीजा है और बचपन से ही उसका स्वभाव बहुत सीधा और अच्छा रहा है. उन्होंने दावा किया कि उसके खिलाफ पहले कभी कोई नकारात्मक बात या शिकायत सामने नहीं आई है. अनुकल्प की धार्मिक प्रवृत्ति का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि वह प्रत्येक मंगलवार को नियमित रूप से सुंदरकांड का पाठ करता है और पूजा-पाठ में उसकी बेहद गहरी आस्था है. ऐसे में वह किसी चोरी या गलत काम में शामिल नहीं हो सकता.
पिछले कुछ महीनों से राम मंदिर में कर रहा था काम
परिजनों के मुताबिक, अनुकल्प पहले अपनी पढ़ाई कर रहा था, लेकिन पिछले कुछ महीनों से वह अयोध्या के राम मंदिर में काम कर रहा था. सुषमा मिश्रा का कहना है कि उन्हें इस बात का बिल्कुल अंदाजा नहीं है कि इतने बड़े और संवेदनशील मामले में अनुकल्प का नाम कैसे और क्यों सामने आया. उन्होंने कहा कि गांव का हर व्यक्ति अनुकल्प के अच्छे व्यवहार और उसके संस्कारों की तारीफ करता है. उन्होंने भावुक होते हुए दावा किया, "पूरे गांव में उसके जैसा दूसरा लड़का नहीं है."
जांच और कानूनी प्रक्रिया पर टिकी निगाहें
गौरतलब है कि विश्व प्रसिद्ध राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के इस संवेदनशील मामले की जांच पुलिस और संबंधित जांच एजेंसियां बेहद गंभीरता से कर रही हैं. मामले से जुड़े सभी तकनीकी और जमीनी साक्ष्यों को खंगाला जा रहा है. एक तरफ जहां पुलिस अपनी तफ्तीश आगे बढ़ा रही है, वहीं दूसरी तरफ आरोपी के परिजनों का दावा है कि अनुकल्प को इस मामले में गलत फंसाया गया है. फिलहाल, इस पूरे विवाद में अंतिम स्थिति पुलिस जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही साफ हो सकेगी.
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