प्रयागराज में वकील सतीश चंद्र श्रीवास्तव की गोली मारकर हत्या, जमीन विवाद को लेकर हुई ये वारदात
प्रयागराज के कर्नलगंज में जमीन विवाद को लेकर हुई गोलीबारी में वकील सतीश चंद्र श्रीवास्तव की मौत हो गई. पत्नी ने पुलिस के सामने हत्या का आरोप लगाया. सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस फरार आरोपियों की तलाश कर रही है.
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उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में उस वक्त हड़कंप मच गया जब मामूली कहासुनी ने देखते ही देखते खूनी रूप ले लिया. शहर के कर्नलगंज थाना क्षेत्र में जमीन के विवाद को लेकर दो पक्षों में हुई भिड़ंत के दौरान ताबड़तोड़ गोलियां चल गईं. इस हमले में वकील सतीश चंद्र श्रीवास्तव को गोली लग गई जिन्हें अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. इस वारदात के बाद से इलाके में दहशत का माहौल है और लोगों में काफी गुस्सा है.
विवादित जमीन और ताला तोड़ने से बढ़ा तनाव
यह सनसनीखेज घटना गुरुवार दोपहर की है. आरोपी देवेंद्र नाथ मिश्रा अपने साथियों के साथ एक विवादित जमीन पर पहुंचे और कथित तौर पर वकील सतीश चंद्र श्रीवास्तव द्वारा वहां लगाए गए ताले को तोड़ दिया. जब इस बात का विरोध किया गया तो दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक और मारपीट शुरू हो गई जो कुछ ही पलों में खूनी संघर्ष में बदल गई. इस दौरान चली गोलीबारी में सतीश चंद्र श्रीवास्तव की जान चली गई जबकि कई अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया.
पत्नी का गंभीर आरोप और सीसीटीवी फुटेज
घटना के बाद पीड़ित परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है. मृतक की पत्नी ने बेहद गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि उनके पति की हत्या पुलिस के सामने की गई है. वहीं इस खूनी खेल से जुड़ा एक सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है जिसमें मुंह बांधे हमलावर वारदात को अंजाम देकर भागते हुए नजर आ रहे हैं।
एसआरएन अस्पताल के बाहर वकीलों ने किया प्रदर्शन
हत्या से गुस्साए परिजनों और बड़ी संख्या मेंकी वकीलों ने राजा स्वरूप रानी नेहरू हॉस्पिटल के गेट के सामने शव रखकर मुख्य सड़क पर जाम लगा दिया. प्रदर्शनकारी आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी और उन्हें सख्त से सख्त सजा देने की मांग कर रहे थे. स्थिति को तनावपूर्ण देखते हुए पुलिस बल मौके पर पहुंचा और काफी मशक्कत के बाद प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर शांत कराया, जिसके बाद जाम समाप्त हो सका.
पुलिस की कार्रवाई और जांच
प्रयागराज शहर के डीसीपी सागर जैन के अनुसार, परिवार द्वारा इस पूरी घटना के पीछे पड़ोसी के साथ लंबे समय से चले आ रहे जमीन विवाद को मुख्य वजह बताया गया है. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है. साथ ही सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर बाकी फरार आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस की कई टीमों का गठन कर दिया गया है.
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