प्रयागराज में बढ़ा गंगा-यमुना का जलस्तर, घाटों से सड़कों तक पानी ही पानी; लेटे हनुमान मंदिर की ओर बढ़ रही लहरें

आनंद राज

• 10:50 AM • 23 Aug 2026

प्रयागराज में लगातार हो रही बारिश के बीच गंगा और यमुना का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. रविवार सुबह 8 बजे नैनी में यमुना का जलस्तर 80.63 मीटर, फाफामऊ में गंगा 81.27 मीटर और छतनाग में गंगा 80.30 मीटर दर्ज की गई. नदियों का खतरे का स्तर 84.734 मीटर निर्धारित है.

Prayagraj Ganga Yamuna Flood

Prayagraj Ganga Yamuna Flood (Photo Edit By AI)

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Prayagraj Ganga Yamuna Flood: प्रयागराज में लगातार हो रही बारिश के बीच गंगा और यमुना का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. रविवार सुबह 8 बजे नैनी में यमुना का जलस्तर 80.63 मीटर, फाफामऊ में गंगा 81.27 मीटर और छतनाग में गंगा 80.30 मीटर दर्ज की गई. नदियों का खतरे का स्तर 84.734 मीटर निर्धारित है. बढ़ते पानी को देखते हुए प्रशासन अलर्ट है और लगातार निगरानी कर रहा है. फिलहाल सभी तटबंध सुरक्षित बताए गए हैं, लेकिन नदी किनारे रहने वाले लोगों की चिंता बढ़ गई है.

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लगातार बारिश से नदियों में बढ़ रहा पानी

पिछले 24 घंटे में प्रयागराज के कई इलाकों में अच्छी बारिश दर्ज की गई. नैनी में 53.6 मिलीमीटर, फाफामऊ में 56.4 मिलीमीटर और छतनाग में सबसे ज्यादा 64.0 मिलीमीटर बारिश हुई. बारिश का सीधा असर गंगा और यमुना के जलस्तर पर दिखाई दे रहा है. प्रशासन ने अधिकारियों को हर स्तर पर नजर बनाए रखने के निर्देश दिए हैं. संभावित बाढ़ प्रभावित इलाकों में लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है.

घाट और सड़कें पानी में डूबीं


जलस्तर बढ़ने के साथ संगम और आसपास के कई इलाकों में पानी फैल गया है. अरैल घाट पर बैठने के स्थान और ऊपर बने गुंबद तक पानी पहुंच गया है. संगम क्षेत्र का वह इलाका भी जलमग्न हो चुका है, जहां महाकुंभ के दौरान बड़ी गतिविधियां हुई थीं. शहर के कुछ हिस्सों में सड़कों पर पानी आ जाने से आवागमन प्रभावित हुआ है और कुछ जगहों पर नावों से आवाजाही की स्थिति बनी है.

लेटे हनुमान मंदिर की ओर तेजी से बढ़ रहा पानी

गंगा का पानी अब लेटे हनुमान जी मंदिर की ओर तेजी से बढ़ रहा है. मंदिर के आसपास की सड़क पर पानी पहुंच चुका है और आवाजाही प्रभावित है. ताजा रिपोर्टों के मुताबिक बड़े हनुमान मंदिर के प्रवेश क्षेत्र तक भी गंगा का पानी पहुंच गया है. लगातार बढ़ते जलस्तर ने मंदिर और आसपास के इलाकों में चिंता बढ़ा दी है.

प्रशासन ने तटबंधों को बताया सुरक्षित

प्रशासन के अनुसार जिले के सभी तटबंध फिलहाल सुरक्षित हैं और किसी तरह की आपात स्थिति नहीं है. संबंधित विभागों की टीमें जलस्तर और बारिश पर नजर रख रही हैं. अधिकारियों का कहना है कि स्थिति बिगड़ने पर तुरंत आवश्यक कदम उठाए जाएंगे. लोगों से अपील की गई है कि वे नदी के किनारे जाने से बचें और प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें.

खतरे के निशान से अभी नीचे

प्रयागराज में गंगा और यमुना अभी 84.734 मीटर के खतरे के स्तर से नीचे बह रही हैं, लेकिन जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी जारी है. पिछले दिनों भी दोनों नदियों के बढ़ते पानी से निचले इलाकों में चिंता बढ़ी है और कुछ रास्तों पर पानी पहुंचा है. ऐसे में आने वाले समय में जलस्तर पर प्रशासन की निगरानी और भी अहम हो गई है. लोगों को बिना जरूरत नदी और जलमग्न इलाकों के पास नहीं जाने की सलाह दी जा रही है.