Head Constable Ajit Singh Yadav Death: उत्तर प्रदेश के इटावा रिजर्व पुलिस लाइन में शनिवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब बास्केटबॉल ग्राउंड में एक हेड कांस्टेबल का शव फंदे से लटका हुआ मिला. मृतक की पहचान 41 वर्षीय अजीत सिंह यादव के रूप में हुई है, जो इटावा पुलिस लाइन में तैनात थे. शुरुआती जानकारी के अनुसार उनका शव बास्केटबॉल गोलपोस्ट से कपड़े की रस्सी के सहारे लटका मिला. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारियों में हड़कंप मच गया और मौके पर वरिष्ठ अधिकारी पहुंच गए. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है और आत्महत्या के कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है.
ADVERTISEMENT
सुबह टहलने पहुंचे पुलिसकर्मी ने देखा शव
जानकारी के अनुसार शनिवार सुबह दीवान अजय दीक्षित रोजाना की तरह पुलिस लाइन स्थित ग्राउंड में टहलने पहुंचे थे. इसी दौरान उनकी नजर बास्केटबॉल गोलपोस्ट के पास लटके शव पर पड़ी. पास में अजीत सिंह की मोटरसाइकिल भी खड़ी मिली. सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बृजेश कुमार श्रीवास्तव समेत अन्य अधिकारी और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची. पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. घटना के बाद पुलिस लाइन में शोक और चिंता का माहौल बन गया.
10 दिन पहले हुआ था तबादला
कानपुर देहात के अमराहट थाना क्षेत्र के महेशपुर गांव निवासी अजीत सिंह यादव वर्ष 2005 में पुलिस विभाग में सिपाही के पद पर भर्ती हुए थे. वर्तमान में वह हेड कांस्टेबल के रूप में इटावा पुलिस लाइन में कार्यरत थे. बताया जा रहा है कि करीब 10 दिन पहले उनका तबादला फर्रुखाबाद कर दिया गया था, लेकिन उन्होंने वहां कार्यभार ग्रहण नहीं किया था. परिवार के मुताबिक वह न तो ड्यूटी जॉइन करने पहुंचे थे और न ही अपने घर आए थे. परिजनों को उम्मीद थी कि वह किसी रिश्तेदारी में गए होंगे. मृतक के बड़े भाई और एसआई अरविंद कुमार ने बताया कि परिवार में किसी प्रकार का विवाद नहीं था. अजीत अपनी पत्नी निशा देवी, एक बेटे और एक बेटी के साथ पुलिस लाइन स्थित आवास में रहते थे.
नम आंखों से दी गई अंतिम विदाई
पोस्टमार्टम के बाद शनिवार दोपहर अजीत सिंह यादव के पार्थिव शरीर को पुलिस लाइन के शहीद स्थल लाया गया, जहां वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बृजेश कुमार श्रीवास्तव ने पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी. पुलिस अधिकारियों और जवानों ने शोक सलामी देकर उन्हें अंतिम विदाई दी. पुलिस परंपरा के अनुसार साथियों ने कंधा देकर उनके पार्थिव शरीर को विदा किया. इसके बाद शव को उनके पैतृक गांव के लिए रवाना कर दिया गया. पुलिस ने आत्महत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. हालांकि अब तक इस कदम के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है और अधिकारी सभी पहलुओं की जांच कर रहे हैं.
ADVERTISEMENT










