मेरठ में दलित समाज के प्रदर्शन के समय SSP अविनाश पांडेय ने जिस रवि गौतम को मारे थे थप्पड़, उसका अब एक और वीडियो सामने आया

यूपी तक

09 Jul 2026 (अपडेटेड: 09 Jul 2026, 07:49 PM)

Ravi Gautam Video: मेरठ में SSP अविनाश पांडे और एडवोकेट रवि गौतम का वायरल वीडियो सुर्खियों में है. थप्पड़ विवाद के बीच रवि गौतम का एक और वीडियो सामने आया. जानें पूरा मामला, प्रदर्शन की वजह और रवि गौतम कौन हैं.

Ravi Gautam Video

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Ravi Gautam Video: उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले से सोशल मीडिया पर एक चौंकाने वाला वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है. इस वीडियो में SSP अविनाश पांडेय,  एडवोकेट रवि गौतम को थप्पड़ मारते नजर आए. वायरल वीडियो होते ही SSP अविनाश पांडे के साथ-साथ थप्पड़ खाने वाले रवि गौतम भी चर्चा में आ गए. लोग जानना चाहते हैं कि आखिर पुलिस वैन के अंदर ऐसा क्या हुआ कि SSP अविनाश पांडे ने रवि गौतम को थप्पड़ मारे. लेकिन इन सभी बवाल के बीच रवि गौतम का एक और बवाली वीडियो सामने आया है जिसके वह खुद को नुकसान पहुचाने की कोशिश करते नजर आए. 

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कैसे शुरू हुआ पूरा बवाल

ये पूरा बवाल दलित समाज की बेटी ललिता गौतम की दर्दनाक हत्या से जुड़ा है.  पीड़िता के परिवार को न्याय दिलाने और अपनी मांगों को लेकर भारी संख्या में लोग मेरठ जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय के बाहर मुख्य गेट पर धरना दे रहे थे . रवि गौतम भी अपने समर्थकों के साथ इस प्रदर्शन में शामिल होने पहुंचे थे. इस दौरान रवि गौतम का एक और वीडियो सामने आया जिसमें वे नारेबाजी करते हुए कह रहे हैं 'हमारी छाती पर कप्तान गाड़ी चढ़ाएंगे... हमारी छाती पर डीएम गाड़ी चढ़ाएंगे.'

प्रदर्शन के दौरान जब पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर वैन में बिठाया, तभी वैन के अंदर मारपीट का कथित वीडियो वायरल हुआ. इसके बाद वकील रवि गौतम का एक और वीडियो सामने आया जिसमें वे वैन के अंदर ही कोई आत्मघाती या बड़ा कदम उठाने की कोशिश कर रहे थे. लेकिन पुलिस ने उन्हें समय रहते रोक लिया. वीडियो में एडवोकेट रवि गौतम भावुक होते हुए अपना दुख व्यक्त कर रहे हैं और कह रहे हैं 'मैं वकील हूं, मेरे साथ कप्तान साहब ने बदतमीजी की है, मैं यह बिल्कुल नहीं सहूंगा.'

कौन हैं रवि गौतम

सामने आई जानकारी के मुताबिक, रवि गौतम 'युवा शक्ति दल' के राष्ट्रीय अध्यक्ष कहे जा रहे हैं. वे दलित समाज के अधिकारों और उनके मुद्दों पर न्याय दिलाने के लिए अलग-अलग मुहिमों और धरना-प्रदर्शनों से जुड़े रहते हैं. बताया जाता है कि वे कभी आजाद समाज पार्टी के मुखिया चंद्रशेखर आजाद के साथी हुआ करते थे, लेकिन बाद में दोनों की राहें जुदा हो गईं. फिलहाल वह SSP अविनाश पांडे के थप्पड़ कांड के बाद से चर्चा में आ गए हैं.