Lucknow Crime News: रविवार की सुबह लखनऊ के बीकेटी इलाके में एक खौफनाक वारदात सामने आई. जीसीआरजी कॉलेज गेट के सामने स्थित एक वेज बिरयानी की दुकान के फ्रिज के अंदर एक अज्ञात युवक की लाश बरामद हुई. सूचना मिलते ही पुलिस के आला अधिकारी और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंच गई है.
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इस दुकान का मालिक कौन है?
पुलिस के मुताबिक, रविवार (1 मार्च 2026) सुबह करीब 10:30 बजे डायल 112 के जरिए सूचना मिली कि एक दुकान के अंदर शव पड़ा है. पुलिस जब मौके पर पहुंची तो देखा कि शनि रावत नामक व्यक्ति की बिरयानी की दुकान के फ्रिज में लगभग 25 वर्षीय युवक का शव रखा हुआ है.
3 दिन से बंद थी दुकान
जांच में सामने आया है कि दुकान के मालिक शनि रावत के पिता का तीन दिन पहले निधन हो गया था, जिसके कारण दुकान पिछले तीन दिनों से बंद चल रही थी. रविवार सुबह जब दुकान से जुड़ी हलचल हुई, तब इस घटना का पता चला. पुलिस के अनुसार, मृतक के शरीर पर शुरुआती जांच में बाहरी चोट के कोई स्पष्ट निशान नहीं मिले हैं.
लाश की शिनाख्त की कोशिश कर रही पुलिस
घटनास्थल का निरीक्षण डीसीपी उत्तरी, एडीसीपी उत्तरी और एसीपी बीकेटी ने किया है. फॉरेंसिक टीम साक्ष्य जुटाने में लगी है. आसपास के लोगों से पूछताछ की गई है लेकिन अभी तक मृतक की पहचान नहीं हो सकी है. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचायतनामा की कार्रवाई शुरू कर दी है और शिनाख्त की कोशिशें तेज कर दी हैं.
अभी कुछ दिन पहले लखनऊ में मिला था ड्रम में शव
लखनऊ में फ्रिज में लाश मिलने की घटना ने हाल ही के मानवेंद्र सिंह हत्याकांड की यादें ताजा कर दी हैं. आशियाना इलाके में 12 पैथोलॉजी के मालिक मानवेंद्र सिंह की उनके ही इकलौते बेटे अक्षत प्रताप सिंह ने बेरहमी से हत्या कर दी थी. अक्षत ने अपने पिता की लाइसेंसी राइफल से उनके सिर में गोली मारी और फिर पहचान छिपाने के लिए शव के टुकड़े-टुकड़े कर ड्रम में भर दिए थे. बेटे ने पिता के शव के अंगों को अलग-अलग बोरियों में भरकर नादरगंज और ट्रांसपोर्ट नगर के पास अलग-अलग जगहों पर फेंक दिया था. इस हत्याकांड की वजह घरेलू कलह और मां की मौत का बदला बताई गई. अक्षत अपने पिता को अपनी मां की आत्महत्या का जिम्मेदार मानता था और होटल व्यवसाय को लेकर भी दोनों के बीच विवाद था. फिलहाल आरोपी बेटा जेल की सलाखों के पीछे है.
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