Gonda News: उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले में बर्तन व्यापारी विनोद कुमार सहनी की निर्मम हत्या के बाद सोशल मीडिया से लेकर सड़क तक भारी बवाल मचा हुआ है. घटना से आक्रोशित समाजवादी पार्टी, निषाद पार्टी और वीआईपी पार्टी के नेता लखनऊ के केजीएमयू की मोर्चरी के बाहर धरने पर बैठ गए. खुद निषाद पार्टी के अध्यक्ष और कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने धरने पर बैठकर अपनी ही सरकार की पुलिस और प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं. इस घटना ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर बड़ा सवालिया निशान लगा दिया है, जिस पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने भी तीखी प्रतिक्रिया देते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की है.
ADVERTISEMENT
व्यापारी पर धारदार हथियार से हमला
गोंडा के परसपुर थाना क्षेत्र स्थित शाहपुर धनुवा इलाके के रहने वाले 45 वर्षीय विनोद कुमार सहनी बर्तन की दुकान चलाते थे. बुधवार रात करीब 10:30 बजे जब वे अपनी दुकान बंद करके घर लौट रहे थे, तभी रास्ते में कुछ लोगों ने उन्हें रोक लिया. आरोप है कि पहले विनोद के साथ बुरी तरह मारपीट की गई और फिर धारदार हथियार से उन पर जानलेवा हमला कर दिया गया. गंभीर हालत में उन्हें फरसपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से जिला अस्पताल गोंडा और फिर लखनऊ के केजीएमयू रेफर किया गया, जहां गुरुवार को इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया.
नेताओं ने की बुलडोजर और एनकाउंटर की मांग
विनोद सहनी की मौत की खबर मिलते ही केजीएमयू मोर्चरी के बाहर नेताओं का जमावड़ा लग गया. कैबिनेट मंत्री संजय निषाद, सपा नेता राजपाल कश्यप और वीआईपी पार्टी के मुकेश सहनी ने एक सुर में पुलिस-प्रशासन को आड़े हाथों लिया. नेताओं ने आरोप लगाया कि पुलिस अपराधियों को संरक्षण दे रही है. सपा नेता राजपाल कश्यप ने मांग की है कि पीड़ित परिवार को 5 करोड़ का मुआवजा और सरकारी नौकरी दी जाए. इसके साथ ही, नेताओं ने आरोपियों की संपत्तियों पर बुलडोजर चलाने और उनका एनकाउंटर करने की भी मांग उठाई.
लापरवाह पुलिसकर्मी सस्पेंड, 3 आरोपी गिरफ्तार
पुलिस के अनुसार, शुरुआती तौर पर मारपीट की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था, लेकिन विनोद की मौत के बाद एफआईआर में धाराएं बढ़ा दी गई हैं. पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी शुभम सिंह उर्फ गोलू और सुभाष समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि मृतक सोशल मीडिया पर किसी विशेष वर्ग के खिलाफ कुछ आपत्तिजनक और विवादित पोस्ट करता था, जिसकी रंजिश के चलते यह हमला किया गया. मामले में घोर लापरवाही बरतने के आरोप में थाना प्रभारी और चौकी प्रभारी को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है.
ADVERTISEMENT










