Amethi News: अमेठी में नाला निर्माण को लेकर घमासान, अध्यक्ष व सभासदों ने उच्च स्तरीय जांच की उठाई मांग

Newzo

29 Jul 2026 (अपडेटेड: 29 Jul 2026, 04:20 PM)

Amethi Drain Construction Scam: अमेठी में करीब ₹10 करोड़ के नाला निर्माण कार्यों में कथित अनियमितताओं के आरोपों को लेकर विवाद गहरा गया है. नगर पंचायत अध्यक्ष और सभासदों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर उच्च स्तरीय जांच, दोषियों पर एफआईआर और जिम्मेदार ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट करने की मांग उठाई.

अमेठी में नाला निर्माण को लेकर घमासान, अध्यक्ष व सभासदों ने उच्च स्तरीय जांच की उठाई मांग

अमेठी में नाला निर्माण को लेकर घमासान, अध्यक्ष व सभासदों ने उच्च स्तरीय जांच की उठाई मांग

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Amethi News: नगर पंचायत क्षेत्र में नाला निर्माण कार्यों को लेकर कथित अनियमितताओं के आरोप सामने आने के बाद मामला गरमाता जा रहा है. करीब 10 करोड़ रुपये की लागत से स्वीकृत नाला निर्माण कार्यों में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए मंगलवार को नगर पंचायत अध्यक्ष अंजू कसौधन सभी सभासदों के साथ कलेक्ट्रेट पहुंचीं. उन्होंने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की.

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आरोप है कि वर्ष 2020 से 2025 के बीच नगर पंचायत क्षेत्र में विभिन्न नालों के निर्माण के लिए करोड़ों रुपये स्वीकृत किए गए, लेकिन कई स्थानों पर निर्माण कार्य अधूरे छोड़ दिए गए. इसके बावजूद संबंधित कार्यों का भुगतान किए जाने का आरोप लगाया गया है. मामले को लेकर नगर क्षेत्र में चर्चाएं तेज हो गई हैं.

इससे पहले उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के जिलाध्यक्ष महेश सोनी ने भी जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपकर नाला निर्माण कार्यों की तकनीकी और उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की थी. अब नगर पंचायत अध्यक्ष और सभासदों द्वारा भी जांच की मांग किए जाने से मामला और गंभीर हो गया है.

नगर पंचायत अध्यक्ष अंजू कसौधन ने कहा कि जनता के पैसों का दुरुपयोग किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने मांग की कि मामले की जांच सहायक अभियंता स्तर के अधिकारी से कराई जाए, ताकि निर्माण कार्यों की तकनीकी गुणवत्ता और किए गए भुगतान की निष्पक्ष जांच हो सके. उन्होंने कहा कि यदि जांच में किसी ठेकेदार, फर्म, अधिकारी या कर्मचारी की भूमिका संदिग्ध पाई जाती है तो संबंधित के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाए. साथ ही दोषी ठेकेदार या फर्म को ब्लैकलिस्ट करने के साथ विभागीय कार्रवाई भी की जाए.

व्यापार मंडल जिलाध्यक्ष महेश सोनी ने कहा कि नगर पंचायत अध्यक्ष द्वारा भी जांच की मांग किए जाने से मामले की गंभीरता स्पष्ट होती है. उन्होंने कहा कि नगरवासियों को जलभराव की समस्या से राहत दिलाने के लिए नाला निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण तरीके से कराया जाना जरूरी है. उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी कार्य का भुगतान हुआ है तो वह नगर पंचायत अध्यक्ष और अधिशासी अधिकारी के हस्ताक्षर से ही होता है, इसलिए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच आवश्यक है.

सभासदों ने भी एक स्वर में मामले की जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की. जिलाधिकारी ने ज्ञापन प्राप्त कर मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया है.