मुंबई में सलमान खान और अखिलेश यादव के इस मुलाकात की असली वजह अब पता चली

अखिलेश यादव और सलमान खान की मुंबई में हुई मुलाकात की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल. सलीम खान की सेहत का हाल जानने पहुंचे थे सपा अध्यक्ष. जानें महाराष्ट्र की राजनीति में समाजवादी पार्टी के 'मिशन 20' और अखिलेश यादव के इस अहम दौरे के पीछे का पूरा सियासी गणित.

यूपी तक

17 Mar 2026 (अपडेटेड: 17 Mar 2026, 08:57 AM)

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समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव इन दिनों महाराष्ट्र के दौरे पर हैं। इस दौरान उन्होंने बॉलीवुड के 'सुल्तान' सलमान खान से मुलाकात की, जिसकी तस्वीर सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही है. दोनों की इस मुलाकात ने जहां फैंस को उत्साहित किया है, वहीं राजनीतिक गलियारों में भी चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया है.

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सलीम खान की सेहत का हाल जानने पहुंचे अखिलेश

मुलाकात की मुख्य वजह सलमान खान के पिता और दिग्गज पटकथा लेखक सलीम खान की तबीयत बताई जा रही है. सलीम खान पिछले करीब एक महीने से अस्पताल में भर्ती थे.अखिलेश यादव ने बताया कि वे सलीम खान जी का हालचाल जानने पहुंचे थे. हालांकि अस्पताल में होने के कारण उनसे सीधे मुलाकात नहीं हो पाई.लेकिन सलमान से मिलकर उन्होंने उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली और जल्द स्वस्थ होने की कामना की.

महाराष्ट्र में समाजवादी पार्टी का 'मिशन 20'

अखिलेश यादव का यह मुंबई दौरा केवल व्यक्तिगत मुलाकातों तक सीमित नहीं है. वे 'विजन इंडिया' कार्यक्रम के सिलसिले में वहां पहुंचे हैं. वर्तमान में महाराष्ट्र विधानसभा में समाजवादी पार्टी के 2 विधायक हैं. लेकिन अखिलेश की नजर इस संख्या को 20 तक ले जाने पर है. वे लगातार महाराष्ट्र की राजनीति में सक्रियता बढ़ा रहे हैं और वहां की गठबंधन राजनीति में अपनी भूमिका मजबूत करने की कोशिश कर रहे हैं.

सोशल मीडिया पर वायरल हुई 'मुंबई मिलन' की फोटो

अखिलेश यादव ने अपनी और सलमान की फोटो को 'मुंबई मिलन' कैप्शन के साथ शेयर किया। देखते ही देखते यह फोटो लाखों लाइक्स और कमेंट्स बटोरने लगी. जहां फैंस सलमान के ओरा की तारीफ कर रहे हैं. वहीं कुछ लोग इसे उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र के बीच के एक नए 'पावर बॉन्ड' के रूप में देख रहे हैं.

भाजपा पर साधा निशाना

मुंबई प्रवास के दौरान अखिलेश यादव ने आगामी चुनावों को लेकर भी बयान दिया. उन्होंने दावा किया कि जनता का भरोसा ममता बनर्जी और एम.के. स्टालिन जैसी क्षेत्रीय ताकतों पर बढ़ रहा है और आने वाले समय में भाजपा को कई राज्यों में हार का सामना करना पड़ेगा. उन्होंने चुनाव आयोग से निष्पक्ष और सुरक्षित मतदान सुनिश्चित करने की भी अपील की.