PM Modi video message: दिल्ली के जंतर-मंतर पर करीब 37 दिनों तक चले छात्र आंदोलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी दिवंगत माताजी के खिलाफ हुई अभद्र टिप्पणियों पर पीएम मोदी का बड़ा बयान आया है. उन्होंने इंस्टाग्राम पर जारी एक वीडियो संदेश में कहा कि वह ऐसे युवाओं को माफ करना चाहते हैं. उन्होंने कहा कि युवाओं को अदालतों के चक्कर कटवाने या प्रताड़ित करने के बजाय सही राह दिखाना पूरे समाज की जिम्मेदारी है. इस मामले में नोएडा पुलिस ने आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाली युवती के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया था.
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युवती के आपत्तिजनक बयान पर एफआईआर
जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के दौरान एक युवती द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इटली की पीएम जॉर्जिया मेलोनी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियां की गई थीं. इसके बाद सुप्रीम कोर्ट की अधिवक्ता स्मृति सिंह चंदेल की शिकायत पर नोएडा के एक्सप्रेसवे थाने में जीरो एफआईआर दर्ज की गई थी. पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 352, 353(1) और 356(1) के तहत मामला दर्ज कर जांच के लिए नई दिल्ली के पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने भेज दिया था. इस एफआईआर के बाद सोशल मीडिया पर समर्थकों और विरोधियों के बीच तीखी बहस भी देखने को मिली.
पीएम मोदी ने दिया वीडियो संदेश
मामले के तूल पकड़ने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इंस्टाग्राम पर करीब दो मिनट का एक वीडियो संदेश जारी किया. अपने संदेश में पीएम मोदी ने कहा कि जंतर-मंतर पर जो कुछ हुआ उसे पूरे देश और दुनिया ने देखा है. प्रदर्शन के दौरान उनके और उनकी दिवंगत माताजी के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया गया. उन्होंने कहा कि ऐसे शब्द किसी भी सभ्य समाज को शोभा नहीं देते हैं और वह इस घटना को लेकर समाज के अंदर बने आक्रोश को भली-भांति समझते हैं.
गुमराह बच्चों को दी माफी
प्रधानमंत्री ने युवाओं का बचाव करते हुए कहा कि बचपन में गलतियां होती हैं और यह समय गुमराह हुए बच्चों को गले लगाकर सही राह दिखाने का है. उन्होंने जीभ और दांत का उदाहरण देते हुए कहा कि कभी-कभी दांतों के नीचे जीभ आ जाती है, लेकिन हम दांत नहीं तोड़ते क्योंकि दोनों हमारे ही हैं. पीएम मोदी ने कहा कि बच्चों को कोर्ट के चक्कर कटवाने या समाज में प्रताड़ित करने से स्थितियां नहीं बदलेंगी. उन्होंने अपील की कि युवा अपनी गलतियों से सीखें और देश के विकास में अपना योगदान दें.
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