UP News: बीते कुछ महीनों से UP ATS को इनपुट मिल रहा था कि उत्तर प्रदेश सहित भारत के कई राज्यों के कुछ लोग आतंकी संगठन ISIS के आतंकी मॉड्यूल के सक्रिय सदस्य के रूप में लोगों को जोड़ रहे हैं. ISIS की आतंकी जिहाद की विचारधारा को फैला रहे हैं और भारत में शरिया व्यवस्था स्थापित करने के लिए भी लोगों को जोड़ रहे हैं. इसके लिए सोशल मीडिया पर सेशन भी चल रहे हैं और ग्रुप बनाकर आईएसआईएस का प्रचार भी किया जा रहा है. यहां तक की आईएसआईएस के निर्देशों को भी इन ग्रुपों में साझा किया जा रहा है. इसी के साथ ये सभी देश में ISIS के झंडे तले बड़ी आतंकी घटनाओं को अंजाम देने की साजिश भी रच रहे थे. अब UP ATS ने इस आरोप में जिसे गिरफ्तार किया है, वह काफी हैरान कर देने वाला है.
ADVERTISEMENT
बता दें कि UP ATS ने सहारनपुर के मऊ के रहने वाले हारिश अली को पकड़ा है. हैरानी की बात ये है कि हारिश अली BDS सेकंड ईयर का छात्र है और इसे मुरादाबाद से दबोचा गया है. UP ATS का दावा है कि हारिश अली आईएसआईएस के खतरनाक मॉड्यूल का हिस्सा है.
ISIS हैंडलर्स के संपर्क में था हारिश अली
आरोप है कि बीडीएस सेकंड ईयर का छात्र हारिश अली पढ़ाई की आड़ में कट्टरपंथी सोच का ऐसा डिजिटल जाल बुन रहा था, जो सीधे देश की सुरक्षा को चुनौती देने वाला था. यूपी एटीएस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी आईएसआईएस के हैंडलर्स और कथित मुजाहिद साथियों के लगातार संपर्क में था और भारत के खिलाफ साजिशों की सोच को हवा दे रहा था.
वह वीपीएन का यूज करके, अपनी डिजिटल पहचान छिपाने की कोशिश भी कर रहा था और उसने कई सोशल मीडिया ग्रुप भी तैयार कर लिए थे. यहां आईएसआईएस की जिहादी विचारधारा को फैलाया जाता था और लोगों का ब्रेनवॉश किया जाता था. आरोप है कि हारिश अली युवाओं को आतंकी संगठन से जोड़ने की कोशिश करता था.
आतंकियों के वीडियो शेयर किए जाते थे
जांच एजेंसियों के मुताबिक, आरोपी अपने कई ग्रुप में आईएसआईएस के मीडिया चैनलों, प्रचार सामग्री, आतंकी विचारधारा से जुड़ी पत्रिकाएं, मारे गए आतंकियों की तस्वीरें, वीडियो और ऑडियो शेयर करता था. कुख्यात आतंकियों के भाषणों का प्रचार-प्रसार भी उसके नेटवर्क का हिस्सा था. हारिश अली भारत, पाकिस्तान और दूसरे देशों के आईएसआईएस हैंडलर्स से भी जुड़ा हुआ था.
एजेंसियों के मुताबिक, उसका मकसद जंग-ए-जिहाद के जरिए आईएसआईएस का राज्य स्थापित करने की मानसिकता को आगे बढ़ाना था. इतना ही नहीं, अपने सोशल मीडिया के कई ग्रुपों में लोगों को फिदायीन हमलों के लिए भड़काने का भी उस पर आरोप है. फिलहाल वह गिरफ्त में हैं और एजेसियों उससे पूछताछ कर रही हैं.
ADVERTISEMENT









