Saharanpur News: राम मंदिर में चढ़ावे के कथित गबन के मुद्दे पर कांग्रेस नेता इमरान मसूद ने केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार अपनी जिम्मेदारी से बच नहीं सकती और देशभर के धार्मिक ट्रस्टों की तरह राम मंदिर ट्रस्ट के कामकाज की भी पारदर्शी जांच और ऑडिट होना चाहिए.
इमरान मसूद ने कहा कि सरकार की नाक के नीचे लूट हो रही है, इसलिए दूसरों पर सवाल उठाने के बजाय पहले अपनी जवाबदेही तय करनी चाहिए. उनका कहना था कि देश के अन्य धार्मिक ट्रस्टों का नियमित ऑडिट होता है, तो राम मंदिर ट्रस्ट के मामले में भी यही व्यवस्था लागू होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि सरकार इस व्यवस्था की संरक्षक है, इसलिए जवाबदेही से पीछे नहीं हट सकती.
ADVERTISEMENT
मसूद ने भाजपा पर आस्था के नाम पर राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस की आपत्ति राम मंदिर से नहीं है, बल्कि कथित अनियमितताओं और भ्रष्टाचार से है. उन्होंने कहा कि बाबरी मस्जिद को हटाकर राम मंदिर बनाया गया, लेकिन यदि अब उसी आस्था के नाम पर कथित लूट होगी तो उस पर सवाल उठना स्वाभाविक है.
उन्होंने वक्फ संपत्तियों का भी उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि सरकार ने कानून में बदलाव कर वक्फ की संपत्तियों को प्रभावित किया और धार्मिक संस्थाओं की संपत्तियों पर नजर रखी जा रही है. मसूद ने कहा कि आस्था के नाम पर लोगों की भावनाओं का सम्मान होना चाहिए, न कि धन के दुरुपयोग के आरोप सामने आने चाहिए.
कांग्रेस नेता ने यह भी दावा किया कि केवल राम मंदिर ही नहीं, बल्कि अन्य मंदिरों में भी चंदे में कथित गड़बड़ियों के मामले सामने आ रहे हैं, उन्होंने मध्य प्रदेश के एक मंदिर में चंदा चोरी की खबर का हवाला देते हुए कहा कि देश की जनता सब कुछ देख रही है और धार्मिक संस्थाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए.
ADVERTISEMENT











