Ghazipur Encounter: उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में 1 लाख के इनामी और चर्चित विनीत राय हत्याकांड के आरोपी कमलेश बिंद के एनकाउंटर के बाद हालात बेकाबू हो गए. पोस्टमार्टम के बाद जैसे ही उसका शव गांव गौसाबाद पहुंचा, वहां माहौल अचानक तनावपूर्ण और हिंसक हो गया. देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि पुलिस पर पथराव हुआ जिसमें सीओ सिटी समेत कुल पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए. इस घटना के बाद पूरे जिले में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है.
ADVERTISEMENT
एनकाउंटर के बाद गांव में भड़का गुस्सा
कमलेश बिंद की पुलिस मुठभेड़ में मौत के बाद गुरुवार को जब उसका शव गांव पहुंचा तो परिजनों और समर्थकों का गुस्सा फूट पड़ा. शुरुआत में विरोध प्रदर्शन हुआ लेकिन कुछ ही समय में माहौल पूरी तरह बिगड़ गया. पुलिस पर सवाल उठाए जाने लगे और नारेबाजी के बीच हालात नियंत्रण से बाहर हो गए.
अंतिम संस्कार के दौरान रास्ता रोककर प्रदर्शन
जानकारी के अनुसार, पुलिस शव को अंतिम संस्कार के लिए लेकर जा रही थी तभी फुल्लनपुर क्रॉसिंग के पास महिलाओं और परिजनों ने रास्ता रोक दिया और प्रदर्शन शुरू कर दिया. पुलिस ने लोगों को समझाने की कोशिश की लेकिन स्थिति और बिगड़ गई. धक्कामुक्की के बाद प्रदर्शन हिंसा में बदल गया और भीड़ ने पुलिस टीम पर पथराव शुरू कर दिया.
पुलिस पर पथराव में 5 पुलिसकर्मी घायल
अचानक हुए हमले में मौके पर अफरातफरी मच गई. इस पथराव में सीओ सिटी शेखर सेंगर, नंदगंज थाना प्रभारी और महिला पुलिसकर्मियों सहित कुल पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए. सभी घायलों को तुरंत मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है.
गांव में भारी पुलिस बल तैनात
घटना के बाद पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया. कई थानों की फोर्स और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए. पूरे गांव को छावनी में तब्दील कर दिया गया और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच कमलेश बिंद का अंतिम संस्कार कराया गया. पुलिस अब पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है.
पुलिस का बयान और सख्त कार्रवाई के संकेत
गाजीपुर एसपी ने कहा कि कुछ अराजक तत्वों ने सुनियोजित तरीके से माहौल बिगाड़ने की कोशिश की है. पुलिस के अनुसार प्रधान पति संजय चौधरी के उकसावे पर पथराव किया गया. इस मामले में 60 से 70 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, जिनमें कई नामजद भी शामिल हैं.
एनकाउंटर का पूरा मामला क्या था?
पुलिस के मुताबिक, यह मामला 29-30 की रात हुए होटल कारोबारी विनीत राय की हत्या से जुड़ा है. जांच में कटरा गैंग का नाम सामने आया, जिसमें कमलेश बिंद और शंकर पांडे मुख्य आरोपी थे. कमलेश पर ₹1 लाख का इनाम घोषित था.
सूचना मिलने पर पुलिस ने जब कार्रवाई की तो आरोपी ने फायरिंग कर दी, जिसमें एक सब-इंस्पेक्टर घायल हो गया. जवाबी कार्रवाई में कमलेश बिंद घायल हुआ और बाद में अस्पताल में उसे मृत घोषित कर दिया गया.
कमलेश बिंद का आपराधिक रिकॉर्ड
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार कमलेश बिंद एक हिस्ट्रीशीटर अपराधी था. उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, अपहरण, बलवा, धमकी और अन्य गंभीर धाराओं में कई मुकदमे दर्ज थे.
उसका आपराधिक इतिहास इस प्रकार बताया गया-
2017: आबकारी अधिनियम का मामला
2022: मारपीट और धमकी
2024: बलवा और हत्या के प्रयास
2025: मारपीट और धमकी
2026: विनीत राय हत्याकांड में नामजद आरोपी
पुलिस का सख्त रुख
पुलिस ने साफ किया है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा. जरूरत पड़ने पर एनएसए के तहत भी कार्रवाई की जाएगी. गांव में अभी भी भारी पुलिस बल तैनात है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है. आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियों की संभावना जताई जा रही है.
ADVERTISEMENT









