Mathura Weather update: मथुरा में बारिश ने लिया ब्रेक, अब कब बरसेंगे बादल? IMD ने दिया बड़ा संकेत

Newzo

• 10:37 AM • 16 Jul 2026

Mathura Rain Alert: मथुरा में फिलहाल मानसून की रफ्तार धीमी पड़ गई है. अगले दो दिनों तक गर्मी और उमस लोगों को परेशान कर सकती है. मौसम विभाग ने 18 जुलाई के बाद मानसून के फिर सक्रिय होने के संकेत दिए हैं. इसके बाद बारिश बढ़ने और तापमान में गिरावट आने की संभावना जताई गई है.

मथुरा में बारिश ने लिया ब्रेक, अब कब बरसेंगे बादल? IMD ने दिया बड़ा संकेत

मथुरा में बारिश ने लिया ब्रेक, अब कब बरसेंगे बादल? IMD ने दिया बड़ा संकेत

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Mathura Rain Alert: भारतीय मौसम विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के अनुसार गुरुवार को मथुरा में मानसून का प्रभाव अपेक्षाकृत कमजोर रहने की संभावना है. दिनभर आसमान में हल्की धुंध और आंशिक बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है, लेकिन व्यापक या लगातार वर्षा की संभावना कम है. अधिकतम तापमान लगभग 37 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस  के आसपास रहने का अनुमान है. उमस अधिक रहने से लोगों को गर्मी का एहसास सामान्य से ज्यादा हो सकता है.

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मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल मथुरा में किसी प्रकार की भारी वर्षा या मौसम संबंधी चेतावनी जारी नहीं की गई है. दिन के समय तेज धूप और गर्म हवाओं के साथ उमस बनी रह सकती है. हालांकि शाम के समय कहीं-कहीं हल्के बादल छाने की संभावना से मौसम में थोड़ी राहत महसूस हो सकती है.

प्रदेश स्तर पर मानसूनी गतिविधियां फिलहाल कमजोर पड़ी हुई हैं, जिसके कारण उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बारिश का सिलसिला धीमा है, मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि 18 जुलाई के बाद मानसून दोबारा सक्रिय हो सकता है, जिससे मथुरा सहित पश्चिमी उत्तर प्रदेश में वर्षा की संभावनाएं बढ़ेंगी और तापमान में गिरावट आ सकती है. 

कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि जिन किसानों ने खरीफ फसलों की बुवाई कर दी है, वे खेतों में नमी बनाए रखने का प्रयास करें और अनावश्यक सिंचाई से बचें. वहीं, शहरवासियों को दोपहर के समय धूप से बचने, पर्याप्त पानी पीने और आवश्यक होने पर ही बाहर निकलने की सलाह दी गई है.

मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार आगामी दो दिनों तक मथुरा में गर्मी और उमस का असर बना रह सकता है, जबकि सप्ताहांत से बादलों की सक्रियता बढ़ने और अगले सप्ताह रुक-रुक कर बारिश होने की संभावना है. इससे लोगों को गर्मी से राहत मिलने के साथ-साथ मानसून भी दोबारा रफ्तार पकड़ सकता है.