देश सुरक्षित, तो हम सुरक्षित: सेना के कल्याण और सामरिक शक्ति पर बोले CM योगी, विपक्ष को कड़ा संदेश

उत्तर प्रदेश सरकार ने सैनिकों के कल्याण और राष्ट्र की सुरक्षा पर अटूट विश्वास जताया है. सरकार का मानना है कि सीमाओं की सुरक्षा पर कोई बहस नहीं होनी चाहिए और समाज को सैनिकों के साथ खड़ा होना चाहिए.

यूपी तक

• 06:16 PM • 13 Apr 2026

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उत्तर प्रदेश सरकार ने स्पष्ट किया है कि राष्ट्र की सीमाओं की रक्षा और सैनिकों का सम्मान केवल एक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज का सामूहिक कर्तव्य है. सरकार का मानना है कि सेना के मनोबल को बनाए रखना और उन्हें आधुनिक सुविधाएं प्रदान करना देश की मजबूती के लिए अनिवार्य है.

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सैन्य शक्ति और मित्र राष्ट्रों का सहयोग

भारत न केवल अपनी सीमाओं को सुरक्षित रखने में सक्षम है, बल्कि वैश्विक मंच पर अपनी सामरिक शक्ति का प्रदर्शन करते हुए मित्र राष्ट्रों को भी आवश्यकतानुसार हर संभव सहयोग और सुविधाएं उपलब्ध करा रहा है. उत्तर प्रदेश सरकार के अनुसार, सामरिक नीति का मूल मंत्र यही है कि सैन्य शक्ति को निरंतर आधुनिक और सशक्त बनाया जाए.

सुरक्षा पर 'नो डिबेट' पॉलिसी

उत्तर प्रदेश सरकार ने सेना और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर अपनी नीति साफ कर दी है. सरकार का मानना है कि:

विवाद से परे सुरक्षा: देश की सीमाओं की रक्षा और सेना से जुड़े मुद्दों पर कोई बहस या राजनीति नहीं होनी चाहिए.

सामूहिक विश्वास: जब देश सुरक्षित होगा, तभी नागरिक सुरक्षित और समृद्ध रह सकेंगे. सैनिकों के प्रति सर्वोच्च सम्मान का भाव पूरे समाज में बना रहना चाहिए.

कल्याणकारी योजनाएं और सामाजिक संबल

सैनिकों के प्रति समाज का विश्वास और सरकार का समर्थन केवल शब्दों तक सीमित नहीं है. सरकार द्वारा संचालित कल्याणकारी योजनाएं सैनिकों के सुरक्षित भविष्य और उनके परिवारों की गरिमा सुनिश्चित करने के लिए हैं. यह संबल सैनिकों को विपरीत परिस्थितियों में भी अडिग रहने का नया विश्वास और साहस प्रदान करता है.