राजधानी दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब ऑफ इंडिया में आज विपक्षी 'इंडिया' (INDIA) गठबंधन की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई है. कांग्रेस नेता राहुल गांधी, केसी वेणुगोपाल समेत विपक्ष के तमाम बड़े दिग्गज इस बैठक में हिस्सा लेने पहुंचे हैं. इस महामंथन का मुख्य एजेंडा हाल के दिनों में मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार और एसआईआर (SIR) को लेकर खड़े हुए विवादों पर साझी रणनीति तैयार करना है. बैठक में यह तय किया जाएगा कि चुनाव आयोग और सरकार के खिलाफ आगे सड़क से लेकर संसद तक क्या रुख अपनाया जाएगा.
ADVERTISEMENT
मुंबई में विरोध की तैयारी
एक तरफ जहां 2 अक्टूबर से मुंबई में विरोध प्रदर्शन की रूपरेखा बनाई जा रही है. वहीं दिल्ली की इस बैठक से राष्ट्रीय स्तर पर साझा रणनीति का ऐलान किया जा सकता है.
अखिलेश यादव क्यों नहीं पहुंचे? बृजभूषण शरण सिंह का तंज
बैठक में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के शामिल न होने को लेकर सियासी गलियारों में काफी चर्चा रही. सूत्रों के मुताबिक, पूर्व निर्धारित कार्यक्रमों और राज्यसभा सीट के लिए प्रत्याशियों के नामांकन में व्यस्तता के कारण अखिलेश यादव खुद नहीं आ सके. हालांकि उन्होंने अपना प्रतिनिधित्व करने के लिए मुजफ्फरनगर से सांसद हरेंद्र मलिक और रामपुर से सांसद मोहिबुल्लाह नदवी को बैठक में भेजा है.
इसी बीच कॉन्स्टिट्यूशन क्लब पहुंचे पूर्व बीजेपी सांसद बृजभूषण शरण सिंह से जब मीडिया ने विपक्षी एकजुटता और अखिलेश की अनुपस्थिति पर सवाल किया तो उन्होंने तंज कसते हुए कहा 'अखिलेश के बिना सब सूना है.'
कौन-कौन बैठक में शामिल और किसने बनाई दूरी?
विपक्ष की इस बैठक में जहां कई प्रमुख दल एक साथ दिखे. वहीं कुछ प्रमुख सहयोगियों की गैरमौजूदगी भी चर्चा का विषय बनी रही.
प्रमुख प्रतिभागी: राहुल गांधी, केसी वेणुगोपाल के अलावा टीएमसी (ममता बनर्जी/अभिषेक बनर्जी), आरजेडी के तेजस्वी यादव और अन्य प्रमुख विपक्षी नेता बैठक में शामिल होने पहुंचे हैं. शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इस बैठक से जुड़े. आगामी चुनावों और स्थानीय राजनीतिक समीकरणों के चलते आम आदमी पार्टी (AAP) और तमिलनाडु की सत्तारूढ़ डीएमके (DMK) इस बैठक में शामिल नहीं हुईं.
कॉन्स्टिट्यूशन क्लब के बाहर कड़ा पहरा
बैठक को देखते हुए कॉन्स्टिट्यूशन क्लब के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. सुबह से ही मीडिया का भारी जमावड़ा लगा हुआ है. बैठक में पहुंचे नेता फिलहाल मीडिया से ज्यादा बात करने से बच रहे हैं. कयास लगाए जा रहे हैं कि बैठक खत्म होने के बाद विपक्ष एकजुट होकर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए अपनी आगे की रणनीति का आधिकारिक ऐलान करेगा.
ADVERTISEMENT










