नोएडा अथॉरिटी के CEO एम लोकेश हटाए गए, इंजीनियर युवराज के नाले में डूबकर मरने के बाद बड़ा एक्शन

Noida Authority CEO Lokesh M: युवराज मेहता की जिस तरह से मौत हुई है, उसने सभी को हिला कर रख दिया है. इस केस ने सिस्टम की खामियों और लापरवाही को भी उजागर किया है. अब इसी को लेकर सीएम योगी ने नोएडा अथॉरिटी के CEO एम. लोकेश के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है.

UP News

अरविंद ओझा

19 Jan 2026 (अपडेटेड: 19 Jan 2026, 07:52 PM)

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Noida Authority CEO Lokesh M: नोएडा में 27 साल के इंजीनियर युवराज मेहता की मौत के मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा एक्शन लिया है. बता दें कि योगी सरकार ने नोएडा अथॉरिटी के CEO एम. लोकेश को हटा दिया गया है. इसी के साथ योगी सरकार ने मामले की जांच के लिए 3 सदस्य SIT टीम का भी गठन कर दिया है. जिन 3 अधिकारियों को एसआईटी टीम में शामिल किया गया है, उनमें ADG जोन मेरठ, मंडलायुक्त मेरठ और चीफ इंजीनियर PWD हैं. SIT टीम का नेतृत्व ADG जोन मेरठ करेंगे.  

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क्या हुआ था युवराज मेहता के साथ?

पेशे से इंजीनियर युवराज मेहता गुड़गांव की एक कंपनी में काम करता था. वह शुक्रवार देर रात ग्रेटर नोएडा आया. कोहरा काफी था. ऐसे में कार पर से उसका नियंत्रण छूट गया और कार नाले की दीवार तोड़ते हुए एक निर्माणाधीन मॉल के बेसमेंट में जा गिरी. वहां गहरा पानी था. कार उसमें जा गिरी. गाड़ी के गेट बंद हो गए, जिसकी वजह से युवराज गाड़ी में ही फंस गया.

बता दें कि युवराज ने अपने पिता को फोन भी किया. उसके पिता ने पुलिस को घटना की सूचना दी. पुलिस टीम, बचाव दल मौके पर भी पहुंचा. मगर युवराज को बचाया नहीं जा सका. युवराज के पिता का आरोप है कि रेस्क्यू टीम पानी में नहीं उतरी, क्योंकि उन्हें पानी ठंडा लगा और उन्हें डर था कि पानी के अंदर सरिया भी हो सकता था. 

बता दें कि घटना के चश्मदीद का कहना है कि युवराज 45 मिनट तक बचाने की गुहार लगाता रहा. मौके पर पुलिस, एसडीआरएफ और फायर ब्रिगेड भी मौजूद थे. 

युवराज के पिता ने ये बताया

पीड़ित पिता राजकुमार मेहता ने मामले को लेकर तहरीर भी दी है. तहरीर में पिता ने बताया, सेक्टर-150 के निवासियों द्वारा पहले भी नोएडा प्राधिकरण से कई बार मांग की गई थी कि नाले के आसपास मजबूत बैरिकेडिंग, रिफ्लेक्टर और साइन बोर्ड लगाए जाएं. बावजूद इसके कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई जिससे आए दिन हादसे होते हैं. लेकिन प्राधिकरण की उदासीनता के कारण सुरक्षा इंतजाम नहीं किए गए. इसलिए मामले में संबंधित विभाग के जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई हो जिससे भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके.

युवराज के पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में क्या पता चला?

मृतक युवराज की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामने आया है कि उसकी मौत फेफड़ों में पानी भरने की वजह से हुई है. उसका हार्ट फेल भी हो गया था. सामने आया है कि उसके फेफड़ों में 1 से 2 लीटर पानी भर गया था. वह कई घंटे पानी में डूबा रहा.

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