Opinion: लोकसभा की जीत मंजूर, विधानसभा के नतीजों पर सवाल; चुनाव आयोग पर सपा का विरोधाभासी रुख अलोकतांत्रिक
अखिलेश यादव के चुनाव आयोग पर बयानों और 2027 चुनाव को लेकर 'आखिरी चुनाव' वाली टिप्पणी पर विश्लेषण. 2024 लोकसभा जीत और 2022 विधानसभा हार के बीच राजनीतिक विरोधाभास पर उठे सवाल.
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अखिलेश यादव.
लोकतंत्र में विपक्ष का काम सत्ता पर सवाल उठाना है, संस्थाओं पर संदेह की बौछार करना नहीं. समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पिछले कई महीनों से चुनाव आयोग को निशाने पर लिए हुए हैं. उनका ताजा लहजा और भी तीखा है. कह रहे हैं कि अगर उत्तर प्रदेश का आगामी विधानसभा चुनाव भाजपा जीत गई, तो यह प्रदेश का आखिरी चुनाव होगा. ऐसे बयान सामान्य आलोचना नहीं होते. ये उस संस्था की वैधता पर प्रश्नचिह्न लगाते हैं, जिसके बिना चुनाव संभव ही नहीं.
