2019 में पीएम मोदी के खिलाफ अखिलेश यादव ने उन्हें मैदान में उतारा और वे दूसरे नंबर पर रहीं. इसके पहले वे वाराणसी में 2017 में मेयर का चुनाव भी लड़ चुकी हैं. परिवार की बात करें तो शालिनी यादव के ससुर एक समय कांग्रेस नेता रहे और केन्द्रीय मंत्री रहे..लेकिन अब वो बीजेपी ज्वाइन कर चुकी हैं और कह रही हैं कि वो काशी का विकास करना चाहती थीं..जनता की सेवा करना चाहती थीं..और दोनों ही काम पीएम मोदी बखूबी कर रहे हैं..इसके साथ ही उनका ये भी कहना था कि आज के समय में सपा में कर्मठ कार्यकर्ताओं की उपेक्षा हो रही है..सुनिए आप भी पहले क्या कह रही हैं शालिनी यादव..