लेटेस्ट न्यूज़

UP Weather: नेपाल में जलप्रलय से तबाही... UP के इन 12 से ज्यादा जिलों में अचानक बाढ़ का अलर्ट जारी

UP Weather: नेपाल के रसुवा में अचानक आई बाढ़ से वहां हालात गंभीर हैं. इस बीच मौसम विभाग ने यूपी के आगरा, मथुरा, झांसी, औरैया समेत 12 जिलों में अचानक बाढ़ (Flash Flood) का अलर्ट जारी किया है.

ADVERTISEMENT

Nepal Flood
Nepal Flood
social share
Google CTA

UP Weather Update: नेपाल में आई अचानक बाढ़ के कारण हालात बेहद गंभीर बने हुए हैं. रसुवा जिले में भीषण तबाही के बीच नेपाल पर्यटन बोर्ड के मुताबिक 105 भारतीय पर्यटकों समेत 300 से अधिक पर्यटकों और पदयात्रियों का अब तक पता नहीं चल पाया है. खबर लिखे जाने तक बाढ़ की चपेट में आने से अब तक 16 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि राहत और बचाव कार्य के लिए 15 हेलीकॉप्टर तैनात किए गए हैं.

इस बीच, नेपाल के हालात और मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए उत्तर प्रदेश के कई जिलों में भी फ्लैश फ्लड (अचानक बाढ़) का अलर्ट जारी कर दिया गया है.

UP के इन जिलों में 'अचानक बाढ़' की चेतावनी

उत्तर प्रदेश के मौसम विभाग ने कई संवेदनशील क्षेत्रों में आकस्मिक बाढ़ (Flash Flood) की अधिक संभावना जताई है. विभाग की ओर से जिन जिलों और उनके आस-पास के क्षेत्रों में अलर्ट जारी किया गया है, वे हैं:

आगरा, अलीगढ़, औरैया, बदायूं, एटा, फिरोजाबाद, हमीरपुर, झाँसी, कासगंज, मैनपुरी, मथुरा और शाहजहांपुर.

नेपाल के रसुवा में भारी तबाही

नेपाल के भोटेकोशी नदी में अचानक जलस्तर बढ़ने से टिमुरे बाजार और रसुवा सीमा नाके के कस्टम क्षेत्र में भारी तबाही हुई है. पानी के तेज बहाव में कई वाहन बह गए और 13 जलविद्युत परियोजनाएं बुरी तरह प्रभावित हुई हैं. प्रभावित इलाकों में लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है.

ट्रैवल कंपनियों और प्रशासन से मिले शुरुआती रिकॉर्ड के अनुसार प्रभावित क्षेत्रों से कुल 384 यात्री लापता बताए जा रहे हैं. इनमें 291 विदेशी नागरिक और 93 नेपाली नागरिक शामिल हैं. लापता विदेशी पर्यटकों में भारत के अलावा ऑस्ट्रेलिया, नीदरलैंड्स, अमेरिका, मलेशिया, ब्रिटेन और दक्षिण अफ्रीका के नागरिक शामिल हैं.

भारत-नेपाल सीमा पर SSB अलर्ट, नदियों पर नजर

नेपाल में आए इस प्राकृतिक प्रकोप को देखते हुए भारत-नेपाल सीमा पर सतर्कता काफी बढ़ा दी गई है. सीमा पर तैनात सीमा सशस्त्र बल (SSB) ने 11 रेस्क्यू एंड रिलीफ टीमों को तैयार रखा है, जबकि 7 अतिरिक्त टीमों को स्टैंडबाय पर रखा गया है.

कोसी और नारायणी नदी बेसिन में पानी बढ़ने की आशंका को देखते हुए लगातार निगरानी की जा रही है. इसके साथ ही उत्तर और पूर्वी बिहार के अलावा उत्तर प्रदेश में घाघरा-कर्णाली और उत्तराखंड में महाकाली नदी तंत्र से जुड़े संवेदनशील इलाकों पर कड़ी नजर रखी जा रही है. SSB बटालियनों को स्थानीय प्रशासन के संपर्क में रहने के निर्देश दिए गए हैं ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया जा सके.

ये भी पढ़ें: UP Weather: 26 से 27 अगस्त तक झमाझम बरसेंगे बादल, यूपी के इन जिलों में बारिश का अलर्ट