उत्तर प्रदेश में राज्यसभा चुनाव की बिसात बिछ चुकी है. लेकिन इस बीच सपा के एक उम्मीदवार के एक्स पोस्ट से सियासी हलचल बढ़ गई है. समाजवादी पार्टी के राज्यसभा प्रत्याशी धनराज नाथवानी ने सोशल मीडिया 'X' पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ में एक लंबा चौड़ा पोस्ट किया है. एक तरफ जहां अखिलेश यादव केंद्र की भाजपा सरकार पर लगातार हमलावर रहते हैं. वहीं सपा उम्मीदवार का पीएम मोदी के नेतृत्व और 'सेवा के संकल्प' को सलाम करने के बाद कई सवाल उठ रहे हैं.
ADVERTISEMENT
धनराज नाथवानी ने पीएम मोदी की तारीफ में क्या लिखा?
सपा प्रत्याशी धनराज नाथवानी ने पीएम मोदी को बधाई देते हुए अपने एक्स हैंडल पर लिखा '25 वर्षों का नेतृत्व, 25 वर्षों का समर्पण, 25 वर्षों का 'सेवा का संकल्प'. साल 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने के बाद से, श्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात की सेवा करने से लेकर प्रधानमंत्री के रूप में भारत का नेतृत्व करने तक का एक उल्लेखनीय सफर तय किया है. बदलते समय और चुनौतियों के बावजूद, राष्ट्र निर्माण के प्रति उनका अटूट विश्वास, दृढ़ता और प्रतिबद्धता अडिग रही है. आज, जब हम सार्वजनिक सेवा के 25 वर्ष पूरे कर रहे हैं, हम एक ऐसे सफर का जश्न मना रहे हैं जो एक चिरस्थायी भावना से प्रेरित है - सेवा का संकल्प, राष्ट्रीय कर्तव्य और एक उभरते भारत के प्रति अटूट प्रतिबद्धता. श्री नरेंद्र मोदी जी को राष्ट्र की सेवा में निरंतर शक्ति और सफलता की शुभकामनाएं.'
BJP ने उतारे 8 प्रत्याशी, सपा के सिर्फ 2 उम्मीदवार
उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों पर चुनाव की घोषणा हुई है. बीजेपी ने 8 सीटों पर अपने प्रत्याशी उतारे हैं. वहीं सपा ने केवल 2 प्रत्याशियों के नाम का ऐलान किया है. पहला पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रो. रामगोपाल यादव और दूसरा रिलायंस ग्रुप से जुड़े उद्योगपति धनराज नाथवानी. 30 सितंबर को लखनऊ में धनराज नथवानी ने नामांकन दाखिल किया था. उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों के लिए 16 अक्टूबर को चुनाव होना है.
सपा ने क्यों नहीं उतारा तीसरा प्रत्याशी? जानिए पीछे की वजह
उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों के लिए चुनाव होना है जहां एक सीट पर जीत के लिए 37 विधायकों के प्रथम वरीयता वोटों की आवश्यकता है. वर्तमान में यूपी विधानसभा की प्रभावी संख्या 396 है.
सपा के पास कुल 98 विधायक हैं. अगर जेल में बंद विधायक रमाकांत यादव को वोटिंग की अनुमति नहीं मिलती है तो यह संख्या 97 रह जाएगी. कांग्रेस के 2 विधायकों का समर्थन मिलने पर सपा के पास कुल 99 वोट बनते हैं. दो सीटें जीतने के लिए सपा को 74 वोटों की जरूरत है जो उसके पास आसानी से मौजूद हैं.
सपा अगर तीसरा प्रत्याशी मैदान में उतारती तो तीनों सीटें जीतने के लिए कुल 111 प्रथम वरीयता वोटों की आवश्यकता होती. दो सीटें सुरक्षित करने के बाद सपा के पास करीब 25 अतिरिक्त वोट ही बचते. ऐसे में तीसरी सीट हासिल करने के लिए पार्टी को कम से कम 12 और विधायकों के समर्थन की जरूरत पड़ती.
इस आंकड़े को पूरा करने के लिए सपा की नजर तटस्थ और अन्य विपक्षी विधायकों के रुख पर थी. माना जा रहा था कि सुभासपा के सपा पृष्ठभूमि वाले विधायकों, आरएलडी, अपना दल और सपा के कुछ बागी विधायकों के जरिए आंकड़े की भरपाई की जा सकती है. हालांकि, किसी भी राजनीतिक जोखिम या क्रास वोटिंग की आशंका से बचते हुए पार्टी ने कदम पीछे खींचना ही बेहतर समझा.
कौन हैं धनराज नथवानी
धनराज परिमल नथवानी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड में ग्रुप प्रेसिडेंट हैं और जामनगर स्थित कंपनी की मैन्युफैक्चरिंग यूनिट से जुड़े हैं. RIL में उनका कुल कार्यकाल 16 साल बताया गया है. उन्होंने अक्टूबर 2010 से फरवरी 2015 तक सीनियर वाइस प्रेसिडेंट, मार्च 2015 से जनवरी 2019 तक ग्रुप सीनियर वाइस प्रेसिडेंट और फरवरी 2019 से वर्तमान तक ग्रुप प्रेसिडेंट की जिम्मेदारी संभाली है. उनका काम मुंबई, महाराष्ट्र और गुजरात से जुड़ा रहा है.
धनराज परिमल नथवानी रिलायंस न्यू एनर्जी लिमिटेड में जनवरी 2022 से वर्तमान तक निदेशक हैं. इसका स्थान जामनगर बताया गया है. इसके अलावा वह रिलायंस प्रोजेक्ट्स एंड प्रॉपर्टी मैनेजमेंट सर्विसेज लिमिटेड में अक्टूबर 2020 से वर्तमान तक निदेशक हैं. उनका लंबा पेशेवर जुड़ाव रिलायंस समूह के साथ रहा है.
ADVERTISEMENT











